देश की खबरें | राजोआना ने सिख समुदाय से एकजुट होने का आह्वान किया
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. पंजाब के तत्कालीन मुख्यमंत्री बेअंत सिंह की 1995 में हुई हत्या के मामले में मौत की सजा का सामना करने वाले बलवंत सिंह राजोआना ने बुधवार को सिख समुदाय से अपने अधिकारों की रक्षा के लिए एकजुट होने और सिख संगठनों को मजबूत करने का आह्वान किया।
चंडीगढ़, 20 नवंबर पंजाब के तत्कालीन मुख्यमंत्री बेअंत सिंह की 1995 में हुई हत्या के मामले में मौत की सजा का सामना करने वाले बलवंत सिंह राजोआना ने बुधवार को सिख समुदाय से अपने अधिकारों की रक्षा के लिए एकजुट होने और सिख संगठनों को मजबूत करने का आह्वान किया।
राजोआना लुधियाना के राजोआना कलां स्थित अपने पैतृक स्थान पर स्थित गुरुद्वारे में अपने भाई कुलवंत सिंह राजोआना के भोग कार्यक्रम के दौरान उपस्थित जनसमूह को संबोधित कर रहे थे।
उनके भाई की मृत्यु चार नवंबर को हुयी थी।
पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय ने मंगलवार को राजोआना को बुधवार को लुधियाना में होने वाले 'भोग' कार्यक्रम (प्रार्थना सभा) में शामिल होने के लिए तीन घंटे की पैरोल प्रदान की थी।
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राजोआना ने 'खालसा पंथ' (सिख समुदाय) में एकता का आह्वान किया।
उन्होंने गुरुद्वारे में कहा, "मैं कहना चाहता हूं कि 'खालसा पंथ' को एकजुट होना चाहिए और ताकत जुटानी चाहिए।"
उन्होंने कहा, "जितना हमारे संगठन सशक्त होंगे उतने ही हमारे अधिकार सुरक्षित होंगे।"
इस दौरान अकाल तख्त जत्थेदार ज्ञानी रघबीर सिंह और शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रमुख हरजिंदर सिंह धामी भी उपस्थित थे।
राजोआना ने कहा, "मैं आपसे आग्रह करता हूं कि हमारे संगठन अकाल तख्त और एसजीपीसी को मजबूत बनाएं और तभी हम सुरक्षित रहेंगे।"
राजोआना को सुबह 11 बजे गुरुद्वारे में लाया गया और दोपहर 2 बजे वापस जेल ले जाया गया।
जुलाई 2007 में उसे हत्या के मामले में मौत की सजा सुनाई गई थी।
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