Rajiv Gandhi Assassination: राजीव गांधी हत्याकांड के दोषियों को तमिलनाडु की जेलों से रिहा किया गया
पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की हत्या के मामले में नलिनी श्रीहरन और अन्य दोषियों को शनिवार शाम को तमिलनाडु की जेलों से रिहा कर दिया गया. ये दोषी करीब तीन दशक से जेल में थे.
चेन्नई, 13 नवंबर : पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की हत्या के मामले में नलिनी श्रीहरन और अन्य दोषियों को शनिवार शाम को तमिलनाडु की जेलों से रिहा कर दिया गया. ये दोषी करीब तीन दशक से जेल में थे. दिन के दौरान सबसे पहले रिहा होने वाली नलिनी ने दावा किया कि उसके इस दृढ़ विश्वास ने उसे इतने वर्षों तक जीवित रखा कि वह निर्दोष है.म वेल्लोर में महिलाओं की विशेष जेल से रिहा होने के बाद 55 वर्षीय नलिनी ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘नहीं तो मैं अपनी जीवन लीला समाप्त कर लेती. क्या आपको लगता है कि मैंने पूर्व प्रधानमंत्री की हत्या की है? मेरे ऊपर हत्या के 17 मामले दर्ज किए गए हैं.’’
वेल्लोर की जेल से रिहा होने के तुरंत बाद नलिनी वेल्लोर केंद्रीय जेल गई, जहां से उसके पति वी. श्रीहरन उर्फ मुरुगन को रिहा किया गया. पति से मिलकर नलिनी भावुक हो गई. नलिनी ने वेल्लोर में कहा, ‘‘इन 32 वर्षों के दौरान जेल में यह एक नारकीय अनुभव था. मेरे इस दृढ़ विश्वास ने मुझे इतने वर्षों तक जीवित रखा कि मैं निर्दोष हूं. बेशक, नियमित रूप से योग करने और इग्नू की कक्षाओं के जरिये मैं जेल में खुद को व्यस्त रख पाती थी.’’ नलिनी ने लंदन में अपनी बेटी के पास जाने और भविष्य में अपने पति और बेटी की देखभाल की इच्छा जताई. उसने केंद्र और राज्य सरकारों और उन सभी का आभार जताया, जिन्होंने उसकी रिहाई का समर्थन किया. मुरुगन के अलावा मामले में अन्य दोषी संतन को रिहाई के बाद पुलिस वाहन में राज्य के तिरुचिरापल्ली स्थित विशेष शरणार्थी शिविर ले जाया गया. दोनों श्रीलंकाई नागरिक हैं. यह भी पढ़ें : Jammu and Kashmir: जम्मू-कश्मीर के एलजी बोले- पहले की सरकारें शांति खरीदती थीं, हम घाटी में शांति स्थापित कर रहे
राजीव गांधी हत्याकांड के दोषी रॉबर्ट पायस और जयकुमार को यहां की पुझाल जेल से रिहाई के बाद विशेष शरणार्थी शिविर ले जाया गया. पायस और राजकुमार भी श्रीलंकाई नागरिक हैं. पैरोल पर बाहर आने के बाद तटीय तुत्तुक्कुडि जिले में रह रहे छठे दोषी पी रविचंद्रन को मदुरै जेल लाया गया, वहां उसने औपचारिकताएं पूरी कीं और उसे रिहा कर दिया गया. उच्चतम न्यायालय के शुक्रवार के आदेश की प्रति मिलने के बाद जेल अधिकारियों ने चार श्रीलंकाई नागरिकों सहित सभी छह दोषियों को रिहा करने की प्रक्रिया शुरू की थी. न्यायालय ने यह उल्लेख किया था कि एक अन्य दोषी ए. जी. पेरारिवलन को रिहा करने के लिए पहले दिया गया उसका आदेश इन दोषियों पर भी समान रूप से लागू होता है.
उच्चतम न्यायालय ने राजीव गांधी हत्याकांड में करीब तीन दशक से उम्रकैद की सजा काट रही नलिनी श्रीहरन और पांच अन्य दोषियों को समय से पहले रिहा करने का शुक्रवार को निर्देश दिया था. पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की 21 मई 1991 को तमिलनाडु के श्रीपेरम्बुदूर में चुनावी रैली के दौरान एक महिला आत्मघाती हमलावर ने हत्या कर दी थी. नलिनी के अलावा उसके पति वी. श्रीहरन उर्फ मुरुगन, आर.पी. रविचंद्रन, संतन, रॉबर्ट पायस और जयकुमार को रिहा करने का आदेश दिया गया था. श्रीहरन, संतन, रॉबर्ट और जयकुमार श्रीलंकाई नागरिक हैं, जबकि नलिनी और रविचंद्रन तमिलनाडु से ताल्लुक रखते हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Nov 12, 2022 11:12 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

