Indian Passport Renewal: भारतीय पासपोर्ट रिन्यूअल गाइड, बदल गए नियम और फीस, जानें आवेदन का स्टेप-बाय-स्टेप ऑनलाइन तरीका

नई दिल्ली: यदि आपका भारतीय पासपोर्ट (Indian Passport) जल्द ही एक्सपायर होने वाला है या उसकी वैधता पहले ही समाप्त हो चुकी है, तो आपके लिए कूटनीतिक नियमों को जानना बेहद जरूरी है. विदेश मंत्रालय (Ministry of External Affairs) (MEA) द्वारा 'पासपोर्ट (संशोधन) नियम 2026' लागू किए जाने के बाद 1 जुलाई 2026 से नई संशोधित फीस संरचना प्रभावी हो गई है. अब वयस्कों के लिए पासपोर्ट रिन्यूअल की प्रक्रिया, जिसे आधिकारिक तौर पर 'री-इश्यू' (Re-issue) कहा जाता है, पूरी तरह डिजिटल और पहले से कहीं अधिक सुव्यवस्थित हो चुकी है. सामान्य तौर पर वयस्कों का पासपोर्ट 10 वर्षों के लिए वैध होता है और अधिकारियों की सलाह है कि अंतरराष्ट्रीय यात्राओं में किसी भी बाधा से बचने के लिए इसकी वैधता समाप्त होने से कम से कम 9 महीने पहले ही रिन्यूअल प्रक्रिया शुरू कर देनी चाहिए. यह भी पढ़ें: Indian Passport Price Hike: पासपोर्ट बनवाना हुआ महंगा, 1 जुलाई से लागू होंगी नई दरें; देखें नॉर्मल और तत्काल की पूरी लिस्ट

पासपोर्ट रिन्यूअल की ऑनलाइन प्रक्रिया

पासपोर्ट री-इश्यू के लिए आवेदन की पूरी प्रक्रिया विदेश मंत्रालय के आधिकारिक पासपोर्ट सेवा पोर्टल passportindia.gov.in पर ऑनलाइन पूरी की जाती है. पहली बार यूजर को पोर्टल पर 'New User Registration' विकल्प पर जाकर अपना अकाउंट बनाना होता है. इसके बाद निम्नलिखित चरणों का पालन करना अनिवार्य है:

  • सर्विस का चयन: लॉगिन करने के बाद डैशबोर्ड पर दिए गए "Apply for Fresh Passport/Re-issue of Passport" लिंक पर क्लिक करें.
  • फॉर्म भरना: आवेदन श्रेणी में "Re-issue" चुनें और इसका सटीक कारण निर्दिष्ट करें (जैसे—वैधता समाप्त होना, पन्ने खत्म होना या व्यक्तिगत विवरण बदलना). ध्यान रहे कि सभी पारिवारिक और व्यक्तिगत विवरण आपके मौजूदा पहचान दस्तावेजों से बिल्कुल मेल खाने चाहिए.
  • ऑनलाइन भुगतान और अपॉइंटमेंट: फॉर्म जमा करने के बाद "View Saved/Submitted Applications" स्क्रीन पर जाएं. पासपोर्ट सेवा केंद्र (PSK) या पोस्ट ऑफिस पासपोर्ट सेवा केंद्र (POPSK) में स्लॉट बुक करने के लिए क्रेडिट/डेबिट कार्ड, नेट बैंकिंग या यूपीआई (UPI) के जरिए ऑनलाइन भुगतान करना अब पूरी तरह अनिवार्य है.

आवश्यक दस्तावेजों की सूची

पासपोर्ट कार्यालय जाने से पहले सभी मूल दस्तावेजों और उनकी स्व-सत्यापित (Self-attested) फोटोकॉपी का सेट तैयार कर लें. री-इश्यू के लिए सामान्य तौर पर इन दस्तावेजों की आवश्यकता होती है:

  1. पुराना मूल पासपोर्ट: पुराने पासपोर्ट के पहले और आखिरी दो पन्नों की फोटोकॉपी, जिसमें ईसीआर (ECR) / नॉन-ईसीआर (Non-ECR) पेज और कोई भी अवलोकन (Observation) पेज शामिल हो.
  2. वर्तमान पते का प्रमाण: जैसे आधार कार्ड, बिजली/पानी का बिल, मतदाता पहचान पत्र (Voter ID) या बैंक पासबुक.
  3. जन्म तिथि का प्रमाण: जन्म प्रमाण पत्र, पैन (PAN) कार्ड या मैट्रिक (10वीं कक्षा) की मार्कशीट.

नोट: विशेष श्रेणियों जैसे नाबालिगों, सरकारी कर्मचारियों या नाम बदलने वाले आवेदकों के लिए आवश्यक विशिष्ट दस्तावेजों की जांच के लिए पोर्टल पर उपलब्ध 'डॉक्यूमेंट एडवाइजर' (Document Advisor) टूल की मदद ली जा सकती है. 

1 जुलाई 2026 से लागू नई फीस संरचना

संशोधित नियमों के तहत पासपोर्ट सेवाओं के शुल्कों में कूटनीतिक रूप से वृद्धि की गई है. नई दरें इस प्रकार हैं:

पासपोर्ट का प्रकार सामान्य योजना (Normal Fee) तत्काल योजना (Tatkaal Fee)
36 पेज का पासपोर्ट ₹2,500 ₹5,000
60 पेज का पासपोर्ट ₹3,500 ₹6,000

विशेष छूट: 8 वर्ष तक के बच्चों और 60 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों के लिए नए पासपोर्ट आवेदनों (फ्रेश पासपोर्ट) पर शुल्क में 10 प्रतिशत की कूटनीतिक छूट दी जाएगी, हालांकि री-इश्यू मामलों पर यह छूट लागू नहीं है.

अपॉइंटमेंट और बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन

निर्धारित तिथि और समय पर आवेदक को चयनित पीएसके (PSK) का दौरा करना होगा। अब भौतिक रूप से आवेदन रसीद (Application Receipt) का प्रिंटआउट ले जाना अनिवार्य नहीं है; आपके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर आया अपॉइंटमेंट का एसएमएस (SMS) भी वैध माना जाता है.

केंद्र पर अधिकारियों द्वारा आपके बायोमेट्रिक्स (अंगुलियों के निशान और फोटो) लिए जाएंगे और मूल दस्तावेजों का सत्यापन किया जाएगा. आवेदन सफलतापूर्वक जमा होने के बाद, आप अपने आवेदन संदर्भ संख्या (ARN) के जरिए 'एमपासपोर्ट सेवा' (mPassport Seva) ऐप या एसएमएस अलर्ट के माध्यम से वास्तविक समय (Real-time tracking) में अपने पासपोर्ट का स्टेटस ट्रैक कर सकते हैं. यदि कोई आवेदक ऑनलाइन फॉर्म जमा करने के 90 दिनों के भीतर केंद्र पर नहीं जाता है, तो उसका आवेदन रद्द माना जाएगा और फॉर्म दोबारा कूटनीतिक रूप से सबमिट करना होगा. किसी भी अन्य पूछताछ के लिए राष्ट्रीय कॉल सेंटर नंबर 1800-258-1800 पर संपर्क किया जा सकता है.