जयपुर, आठ जून राजस्थान सरकार कोरोना वायरस संक्रमण के प्रति प्रति लोगों को जागरुक करने के लिए राज्य में 21 जून से 30 जून तक विशेष अभियान चलाएगी। इस दस दिवसीय विशेष अभियान में गांव-ढाणियों, वार्डों व मोहल्लों तक लोगों को विभिन्न माध्यमों से इस महामारी से बचाव के बारे में जागरूक किया जाएगा।
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की अध्यक्षता में सोमवार को मुख्यमंत्री निवास से वीडियो कॉन्फ्रेन्स के माध्यम से हुई समीक्षा बैठक में यह निर्णय किया गया।
सरकारी प्रवक्ता के अनुसार लॉकडाउन में लगातार छूट के बाद शुरू हुई व्यावसायिक व अन्य गतिविधियां के कारण संक्रमण का खतरा नहीं रहे और लोग कोरोना वायरस संक्रमण को लेकर लापरवाही नहीं बरते इसी उद्देश्य से यह अभियान चलाया जाएगा। इसमें ग्राम स्तर तक आंगनबाड़ी सहायिका, एएनएम, आशा सहयोगिनी, ग्राम सेवक, पटवारी एवं स्थानीय जनप्रतिनिधियों के सहयोग से बैनर, पैम्पलेट सहित कोरोना को लेकर जागरूक करने वाली सामग्री घर-घर तक पहुंचाई जाएगी।
कांफ्रेंस में मुख्यमंत्री गहलोत ने कहा कि बारिश का मौसम शुरू होने वाला है ऐसे में संक्रामक एवं मौसमी बीमारियों के फैलने का खतरा बढ़ सकता है। कोविड-19 महामारी को लेकर अगले कुछ माह हमें विशेष सतर्कता बरतनी होगी। किसी भी तरह की लापरवाही से संक्रमण बढ़ने की आशंका रहेगी।
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उन्होंने कहा कि 'अनलॉक-1' के पहले चरण में आज से अधिकांश गतिविधियां शुरू हो गई है ऐसे में लोग दो गज की दूरी रखने, मास्क पहनने व भीड़ से बचने जैसी सावधानियां रखें, इसके लिए व्यापक स्तर पर जागरूकता फैलाना जरूरी है।
बैठक में बताया गया कि राजस्थान में अब तक कोरोना वायरस संक्रमण से हुई मौतों का विशेषज्ञों द्वारा विश्लेषण किया जा रहा है। इन मौतों का गहन अध्ययन करने के लिए मृतकों के परिजनों से मिलकर रोगियों की पूरी केस हिस्ट्री, देरी से अस्पताल पहुंचने के कारणों, अन्य पुरानी बीमारियों आदि की जानकारी लेकर उसका तार्किक विश्लेषण किया जा रहा है।
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