देश की खबरें | मानसून में बारिश सामान्य से सात प्रतिशत अधिक पर विभिन्न क्षेत्रों में स्तर असमान रहा:आईएमडी
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नयी दिल्ली, 28 जुलाई भारत में एक जून को मानसून की शुरुआत के बाद से सामान्य से सात प्रतिशत अधिक बारिश दर्ज की गई लेकिन वर्षा का स्तर विभिन्न राज्यों में असमान रहा। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के आंकड़ों से यह जानकारी प्राप्त हुई।
इस अवधि के दौरान देश में 418.9 मिमी सामान्य वर्षा के मुकाबले 447.8 मिमी वर्षा हुई, जिसमें क्षेत्रवार बारिश के स्तर में काफी भिन्नताएं थीं।
आईएमडी के आंकड़ों के अनुसार, राजस्थान, लद्दाख, नगालैंड, मणिपुर और सिक्किम में ‘काफी अधिक’ वर्षा दर्ज की गई है। राजस्थान में 200.4 मिमी सामान्य वर्षा के मुकाबले 384.7 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जो 92 प्रतिशत अधिक है।
इसी प्रकार लद्दाख (जहां आमतौर पर कम वर्षा होती है) में 10.7 मिमी वर्षा के मुकाबले 30 मिमी वर्षा हुई, जो सामान्य से 181 प्रतिशत अधिक है।
नगालैंड और मणिपुर में क्रमशः 514.5 मिमी और 457.9 मिमी वर्षा हुई, जो सामान्य के करीब है, जबकि सिक्किम में 598.4 मिमी वर्षा दर्ज की गई जो सामान्य से 78 प्रतिशत अधिक है।
जिन राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में ‘अधिक’ वर्षा (सामान्य से 20 से 59 प्रतिशत अधिक) हुई, उनमें मध्य प्रदेश, गुजरात, दादरा और नगर हवेली तथा दमन और दीव, झारखंड और असम शामिल हैं।
मध्य प्रदेश में 418.4 मिमी की तुलना में 645.8 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जो सामान्य से 54 प्रतिशत अधिक है।
गुजरात में 463.2 मिमी वर्षा हुई, जो सामान्य से 35 प्रतिशत अधिक है, जबकि दादरा और नगर हवेली तथा दमन और दीव केंद्र शासित प्रदेश में 1153.8 मिमी की तुलना में 1466.1 मिमी वर्षा हुई, जो सामान्य से 27 प्रतिशत अधिक है।
उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, दिल्ली, हरियाणा, महाराष्ट्र, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु, ओडिशा, गोवा, त्रिपुरा, मिजोरम, पश्चिम बंगाल, जम्मू और कश्मीर, छत्तीसगढ़, पुडुचेरी और अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह सहित अधिकांश राज्यों में ‘सामान्य’ वर्षा हुई है, जो औसत से 19 प्रतिशत के भीतर है।
अरुणाचल प्रदेश, असम, बिहार, दिल्ली, महाराष्ट्र और लक्षद्वीप में कम वर्षा (सामान्य से 20 से 59 प्रतिशत कम) दर्ज की गई है।
अरुणाचल प्रदेश में 942.2 मिमी के मुकाबले 521.8 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो 45 प्रतिशत कम है। बिहार में 272 मिमी बारिश हुई, जो सामान्य 474.2 मिमी से 43 प्रतिशत कम है।
लद्दाख, हिमाचल प्रदेश के आसपास के इलाकों, पूर्वोत्तर और बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल और ओडिशा के कुछ हिस्सों को छोड़कर देश के अधिकांश हिस्सों में सामान्य से अधिक बारिश होने की उम्मीद है।
आईएमडी ने कहा था कि पंजाब, हरियाणा, केरल और तमिलनाडु के कुछ अलग-अलग इलाकों में सामान्य से कम बारिश दर्ज की जा सकती है।
मानसून भारत के कृषि क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण है, जो लगभग 42 प्रतिशत आबादी की आजीविका का आधार है और सकल घरेलू उत्पाद में 18.2 प्रतिशत का योगदान देता है।
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(The above story first appeared on LatestLY on Jul 28, 2025 06:22 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

