नयी दिल्ली, 19 जून प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 20 और 21 जून को जम्मू कश्मीर का दौरा करेंगे। इस दौरान वह केंद्र शासित प्रदेश में कई विकास परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास करेंगे तथा 10वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के मुख्य समारोह सहित कुछ अन्य कार्यक्रमों में शिरकत करेंगे।
प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने बुधवार को एक बयान में यह जानकारी दी।
लगातार तीसरी बार प्रधानमंत्री बनने के बाद मोदी की जम्मू कश्मीर की यह पहली यात्रा है। हाल के दिनों में इस केंद्र शासित प्रदेश में कुछ आतंकवादी घटनाएं भी हुई हैं।
पीएमओ ने बताया कि प्रधानमंत्री 20 जून की शाम लगभग छह बजे श्रीनगर के शेर-ए-कश्मीर अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन केंद्र (एसकेआईसीसी) में ‘युवाओं को सशक्त बनाना, जम्मू-कश्मीर को बदलना’ कार्यक्रम में भाग लेंगे।
बयान के मुताबिक यह कार्यक्रम इस क्षेत्र के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है जो यहां की प्रगति को प्रदर्शित करता है और युवाओं को प्रेरणा प्रदान करता है।
इस अवसर पर, प्रधानमंत्री स्टालों का निरीक्षण करेंगे और जम्मू-कश्मीर के ‘यंग अचीवर्स’ (उपलब्धि हासिल करने वाले युवाओं) के साथ बातचीत करेंगे।
प्रधानमंत्री इस दौरान 1,500 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की 84 प्रमुख विकास परियोजनाओं का शिलान्यास एवं उद्घाटन करेंगे। जिन परियोजनाओं का उद्घाटन किया जाएगा, उनमें सड़क बुनियादी ढांचे, जल आपूर्ति योजनाओं और उच्च शिक्षा में बुनियादी ढांचे आदि से संबंधित परियोजनाएं हैं।
इसके अतिरिक्त, प्रधानमंत्री चेनानी-पटनीटॉप-नाशरी खंड में सुधार, औद्योगिक सम्पदा के विकास एवं छह सरकारी डिग्री कॉलेज के निर्माण जैसी परियोजनाओं की आधारशिला रखेंगे।
प्रधानमंत्री 1,800 करोड़ रुपये की लागत वाली कृषि और संबद्ध क्षेत्रों (जेकेसीआईपी) परियोजना में प्रतिस्पर्धात्मकता सुधार की भी शुरुआत करेंगे। यह परियोजना जम्मू एवं कश्मीर के 20 जिलों के 90 ब्लॉकों में लागू की जाएगी।
प्रधानमंत्री सरकारी सेवा में नियुक्त 2,000 से अधिक व्यक्तियों को नियुक्ति पत्र भी वितरित करेंगे।
पीएमओ ने कहा, ‘‘इन परियोजनाओं की आधारशिला रखे जाने और उद्घाटन किए जाने से युवा सशक्त होंगे और जम्मू एवं कश्मीर में बुनियादी ढांचे का विकास होगा।’’
प्रधानमंत्री अगले दिन अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के मौके पर सुबह साढ़े छह बजे श्रीनगर में मुख्य समारोह का नेतृत्व करेंगे।
पीएमओ ने कहा, ‘‘इस वर्ष का आयोजन युवा मन और शरीर पर योग के गहरे प्रभाव को रेखांकित करता है। उत्सव का उद्देश्य योग के अभ्यास में हजारों लोगों को एकजुट करना, वैश्विक स्तर पर स्वास्थ्य और कल्याण को बढ़ावा देना है।’’
प्रधानमंत्री साल 2015 से हर साल योग दिवस पर आयोजित समारोहों का नेतृत्व करते रहे हैं। उन्होंने दिल्ली, चंडीगढ़, देहरादून, रांची, लखनऊ, मैसूर और यहां तक कि न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय सहित विभिन्न प्रतिष्ठित स्थानों पर योग दिवस समारोहों का नेतृत्व किया है।
इस वर्ष योग दिवस का विषय ‘स्वयं और समाज के लिए योग’ है और यह व्यक्तिगत व सामाजिक कल्याण को बढ़ावा देने में दोहरी भूमिका पर प्रकाश डालता है।
पीएमओ ने कहा कि यह आयोजन जमीनी स्तर पर भागीदारी और ग्रामीण क्षेत्रों में योग के प्रसार को प्रोत्साहित करेगा।
ब्रजेन्द्र ब्रजेन्द्र रंजन
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