बेलग्रेड, आठ जून राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने बृहस्पतिवार को यहां सर्बियाई राष्ट्रपति अलेक्जेंद्र वुकिक के साथ बातचीत की और कहा कि द्विपक्षीय संबंध आपसी विश्वास, परस्पर समझ और आपसी हित के मुद्दों पर एक दूसरे के समर्थन पर आधारित हैं।
सर्बिया की यात्रा करने वाली प्रथम भारतीय राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा, ‘‘हम इस महत्वपूर्ण संबंध में और अधिक आकांक्षाओं को समाविष्ट करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।’’
दोनों राष्ट्रपतियों ने शिष्टमंडल स्तर की वार्ता में भारत-सर्बिया द्विपक्षीय संबंध के महत्वपूर्ण पहलुओं पर चर्चा की और साथ ही समान हित के वैश्विक एवं क्षेत्रीय मुद्दों पर चर्चा की।
मुर्मू ने एक प्रेस वक्तव्य में कहा, ‘‘मेरी आज सुबह राष्ट्रपति वुकिक के साथ सकारात्मक और लाभप्रद बातचीत हुई जिसमें हमारे द्विपक्षीय संबंध के सभी महत्वपूर्ण पहलुओं तथा समान हित के वैश्विक एवं क्षेत्रीय मुद्दों पर चर्चा की गयी।’’
उन्होंने कहा कि भारत और सर्बिया के संबंध गुट-निरपेक्ष आंदोलन (नैम) के दिनों से विशिष्ट रहे हैं।
राष्ट्रपति ने कहा कि वह किसी यूरोपीय देश की अपनी पहली राजकीय यात्रा पर सर्बिया आकर बहुत प्रसन्न हैं। उन्होंने अपने स्वागत के लिए राष्ट्रपति वुकिक और सर्बिया की जनता का आभार जताया।
उन्होंने 2017 में तत्कालीन सर्बियाई प्रधानमंत्री के रूप में राष्ट्रपति वुकिक की भारत यात्रा को याद किया और कहा कि उनकी यात्रा ने हमारे द्विपक्षीय संबंधों के और अधिक विस्तार की रूपरेखा तय की।
राष्ट्रपति मुर्मू बुधवार को सूरीनाम से यहां पहुंचीं थीं। हवाई अड्डे पर उनका स्वागत सर्बियाई राष्ट्रपति वुकिक ने किया। यह किसी भारतीय राष्ट्रपति की पहली सर्बिया यात्रा है।
राष्ट्रपति कार्यालय ने ट्वीट किया, ‘‘राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का बेलग्रेड पहुंचने पर गर्मजोशी से स्वागत किया गया। यह किसी भारतीय राष्ट्रपति की पहली सर्बिया यात्रा है। सर्बियाई राष्ट्रपति ने विशेष भाव-भंगिमा प्रदर्शित करते हुए हवाई अड्डे पर राष्ट्रपति मुर्मू का स्वागत किया। उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया।’’
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