देश की खबरें | तेलंगाना में चुनावी सर्वेक्षण के नतीजे आने के बाद राजनीतिक सरगर्मी तेज
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. तेलंगाना में अगले साल विधानसभा के चुनाव होने वाले हैं और अब जनता का मूड परखने के लिए सर्वेक्षण किये जा रहे हैं। विभिन्न सर्वेक्षणों के नतीजों के कारण राज्य में राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है और तीनों प्रमुख दलों- सत्तारूढ़ तेलंगाना राष्ट्र समिति, विपक्षी कांग्रेस तथा भारतीय जनता पार्टी अगली सरकार बनाने का दावा कर रहे हैं।
हैदराबाद, 17 जुलाई तेलंगाना में अगले साल विधानसभा के चुनाव होने वाले हैं और अब जनता का मूड परखने के लिए सर्वेक्षण किये जा रहे हैं। विभिन्न सर्वेक्षणों के नतीजों के कारण राज्य में राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है और तीनों प्रमुख दलों- सत्तारूढ़ तेलंगाना राष्ट्र समिति, विपक्षी कांग्रेस तथा भारतीय जनता पार्टी अगली सरकार बनाने का दावा कर रहे हैं।
निजी तौर पर कराए गए एक ताजा सर्वेक्षण में, टीआरएस को 38.88 प्रतिशत, भाजपा को 30.48 प्रतिशत, कांग्रेस को 23.71 प्रतिशत और अन्य को 6.91 प्रतिशत वोट मिलने का दावा किया गया है।
वर्ष 2018 में हुए चुनाव में 119 विधानसभा सीटों में से टीआरएस को 46.9 प्रतिशत मत प्राप्त हुए थे और उसने 88 सीटें जीती थीं। कांग्रेस को 28.4 प्रतिशत वोट मिले थे और 19 सीटों पर विजय मिली थी जबकि भाजपा को केवल एक सीट से संतोष करना पड़ा था।
अन्य दलों के विधायकों के शामिल होने के बाद टीआरएस के विधायकों की संख्या 102 हो गई है और उपचुनाव में जीत हासिल कर भाजपा ने दो विधायकों की बढ़त हासिल की है। एक अन्य एजेंसी द्वारा कराए गए सर्वेक्षण के अनुसार, आगामी चुनाव में टीआरएस को 39.5 प्रतिशत वोट (56-59 सीटें) मिल सकते हैं।
कांग्रेस को 31 प्रतिशत मत (37-39 सीटें) और भाजपा को 21 प्रतिशत वोट (17 सीटें) मिल सकते हैं। टीआरएस के कार्यकारी अध्यक्ष के टी रामा राव ने दावा किया है कि 2023 विधानसभा चुनाव में 90 से ज्यादा सीटों पर जीत हासिल कर उनकी पार्टी फिर से सरकार बनाएगी।
के. चंद्रशेखर राव के नेतृत्व वाली तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) 2014 से सत्ता में है। तेलंगाना सरकार में मंत्री रामा राव ने कहा कि कांग्रेस और भाजपा द्वारा हाल में कराए गए सर्वेक्षणों में साबित हुआ है कि चंद्रशेखर राव 2023 का चुनाव जीतकर तीसरी बार मुख्यमंत्री बनने जा रहे हैं।
उन्होंने कहा, “हमारे आंतरिक सर्वेक्षण के अनुसार, टीआरएस 90 से ज्यादा सीटें जीतेगी। इससे पता चलता है कि आठ साल के शासन के बाद भी लोगों ने हमारे ऊपर भरोसा जताया है।”
सर्वेक्षणों पर प्रतिक्रिया देते हुए कांग्रेस के उपाध्यक्ष मल्लू रवि ने कहा कि टीआरएस और भाजपा ने साठगांठ कर सर्वे की रिपोर्ट निकाली है। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस के आंतरिक सर्वेक्षण में उसे 90-99 सीटें मिलने का अनुमान है।
तेलंगाना भाजपा के मुख्य प्रवक्ता कृष्ण सागर राव ने कहा कि एक अनुभवी और परिपक्व पार्टी होने के नाते भाजपा ने विभिन्न एजेंसियों द्वारा कराए गए चुनावी सर्वेक्षणों को कभी विश्वसनीय नहीं माना।
उन्होंने कहा कि भाजपा जमीनी स्तर पर होने वाले बदलाव को समझने के लिए अपने आंतरिक सर्वेक्षण कराती है और विभिन्न निर्वाचन क्षेत्रों में राजनीतिक गतिविधियों की प्रगति की समीक्षा करती है।
उन्होंने कहा कि आंतरिक सर्वेक्षण सार्वजनिक नहीं किये जाते। सागर राव ने कहा, “भारत या तेलंगाना राज्य में अपनी या दूसरों की ताकत का आकलन करने के लिए भाजपा, अवैज्ञानिक बाहरी सर्वेक्षण के नतीजों पर भरोसा नहीं करती।”
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