देश की खबरें | किसान आंदोलन: गणतंत्र दिवस पर हुई हिंसा की घटनाओं के पीछे ‘‘साजिश’’ की जांच विशेष प्रकोष्ठ करेगा

नयी दिल्ली/ गाजियाबाद, 28 जनवरी दिल्ली पुलिस ने गणतंत्र दिवस पर शहर में किसानों की ट्रैक्टर परेड के दौरान हुई हिंसा के संबंध में किसान नेताओं के खिलाफ बृहस्पतिवार को ‘लुक आउट’ नोटिस जारी किया और यूएपीए के तहत एक मामला दर्ज किया।

इसके साथ ही अपनी जांच तेज करते हुए पुलिस ने लाल किले पर हुई हिंसा के संबंध में राजद्रोह का मामला भी दर्ज किया है। दिल्ली पुलिस ने कहा कि इन घटनाओं के पीछे ‘‘साजिश’’ और ‘‘आपराधिक मंसूबों’’ की जांच उसका विशेष प्रकोष्ठ करेगा।

वहीं दूसरी ओर गाजियाबाद प्रशासन ने प्रदर्शनकारी किसानों को बृहस्पतिवार आधी रात तक यूपी गेट खाली करने का अल्टीमेटम दिया है।

दिल्ली की सीमा से लगे यूपी गेट पर टकराव की स्थिति के बीच भारी संख्या में सुरक्षा कर्मी तैनात किए गए हैं। वहीं प्रदर्शन स्थल पर शाम में कई बार बिजली कटौती देखी गयी जहां राकेश टिकैत के नेतृत्व में भारतीय किसान यूनियन (बीकेयू) के सदस्य 28 नवंबर से डटे हुए हैं।

बीकेयू के प्रवक्ता टिकैत अपनी मांग पर अड़े रहे और उन्होंने कहा, ‘‘मैं आत्महत्या कर लूंगा लेकिन जब तक कृषि कानूनों को वापस नहीं लिया जाता तब तक आंदोलन समाप्त नहीं करूंगा।’’

अपनी जान को खतरा होने का दावा करते हुए उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि प्रदर्शन स्थल पर सशस्त्र गुंडों को भेजा गया था।

टिकैत ने कहा, ‘‘गाजीपुर की सीमा पर कोई हिंसा नहीं हुई है लेकिन इसके बाद भी उत्तर प्रदेश सरकार दमन की नीति का सहारा ले रही है। यह उत्तर प्रदेश सरकार का चेहरा है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘हमारा प्रदर्शन जारी रहेगा।’’

जिले के एक अधिकारी ने ‘पीटीआई-’ से कहा कि गाजियाबाद के जिलाधिकारी अजय शंकर पांडेय ने यूपी गेट पर डेरा डाले प्रदर्शनकारियों से संवाद किया और उन्हें रात तक प्रदर्शनस्थल खाली करने को कहा। ऐसा नहीं करने पर प्रशासन उन्हें हटा देगा।

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