सरकार के सख्त निर्देशों के बावजूद अस्पतालों में आक्सीजन की हो रही तंगी: संगीता रेड्डी
चिकित्सा आक्सीजन का बिना रुकावट उत्पादन और आपूर्ति सुनिश्चित करने को लेकर सरकार के सख्त निर्देशों के बावजूद अस्पतालों में आक्सीजन की भारी कमी बनी हुई है. अपोलो हस्पिटल्स की संयुक्त प्रबंध निदेशक संगीता रेड्डी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी.
नयी दिल्ली, 23 अप्रैल: चिकित्सा आक्सीजन (Oxygen) का बिना रुकावट उत्पादन और आपूर्ति सुनिश्चित करने को लेकर सरकार के सख्त निर्देशों के बावजूद अस्पतालों (Hospital) में आक्सीजन की भारी कमी बनी हुई है. अपोलो हस्पिटल्स की संयुक्त प्रबंध निदेशक (Managing director) संगीता रेड्डी (Sangeeta Reddy) ने शुक्रवार को यह जानकारी दी.रेड्डी प्रतिद्धंदी अस्पताल मैक्स हेल्थकेयर द्वारा किये गये एक ट्वीट का जवाब दे रही थी. इस ट्वीट में कहा गया था कि मैक्स स्मार्ट हास्पिटल और मैक्स हास्पिटल साकेत के पास एक घंटे से भी कम समय की आक्सीजन आपूर्ति बची हुई है.
रेड्डी ने केन्द्रीय मंत्रियों, दिल्ली (Delhi) के मुख्यमंत्री (Chief Minister) और अन्य राज्य मंत्रियों को टैग करते हुये अपने ट्वीट (Tweet) में कहा, ‘‘सरकार के आदेशों के बावजूद अस्पतालों को सांस लेने के लिये हांफना पड़ रहा है. अस्पतालों के लिये अब यह हर घंटे वाली चुनौती बन गई है. जो प्रतिबद्धता जताई गई है उसमें होने वाली हर मिनट की देरी के लिये जीवन का नुकसान भुगतना पड़ सकता है.’’इससे पहले मैक्स हेल्थकेअर(Healthcare)ने संकटपूर्ण स्थिति बताते हुये ट्वीट किया था: ‘‘एसओएस- मैक्स स्मार्ट हास्पिटल और मैक्स हास्पिटल साकेत में एक घंटे से भी कम समय की आक्सीजन बची है. आईनोक्स से रात एक बजे से आक्सीजन की ताजा आपूर्ति के लिये प्रतीक्षा कर रहे हैं. 700 से अधिक मरीज भर्ती हैं, तुरंत सहायता की आवश्यकता है.’’
केन्द्र सरकार ने राज्यों को चिकित्सा आक्सीजन के उत्पादन और आपूर्ति कार्य को बिना किसी बाधा के किये जाने के आदेश दिये हैं. राज्यों से कहा गया है कि वह अपनी सीमाओं के आसपास परिवहन में कोई बाधा नहीं आने दें. केन्द्र ने कहा है कि राज्य सीमाओं पर परिवहन में होने वाली किसी भी बाधा के लिये वहां के जिला मजिस्ट्रेट और पुलिस सुपरिंटेंडेंट को जवाबदेह माना जायेगा. यह भी पढ़ें : COVID-19: स्टाफ की कमी के बाद एम्स ने संक्रमित मरीजों के संपर्क में आए स्वास्थ्य कर्मियों की जांच बंद की
संगीता रेड्डी ने बृहस्पतिवार को सरकार से आग्रह किया कि आक्सीजन(Oxygen) टेंकरों को चिकित्सा अंबुलेंस का दर्जा दिया जाना चाहिये और उनके आवागमन के लिये ग्रीन कोरिडोर बनाया जाना चाहिये.देश में कोविड- 19(Covid-19) संक्रमण के मामले तेजी से बढ़ने के साथ ही राष्टूीय राजधानी(National capital)तथा कई अन्य प्रमुख शहरों के अस्पतालों में आक्सीजन की गंभीर स्थिति की शिकायतें मिल रही हैं.
अस्पतालों में भर्ती कोरोना वायरस (Corona virus )के गंभीर मरीजों को आक्सजीन (oxygen) की आवश्यकता पड़ती है.जिन राज्यों में आक्सजीन का उत्पादन होता है उनके द्वारा अंतर- राज्यीय सीमाओं पर आपूर्ति में व्यवधान की वजह से परिस्थिति बिगड़ी है.रेड्डी ने बृहस्पतिवार को ट्वीट के जरिये हरियाणा(Haryana)में एक आक्सीजन टेंकर को रोके जाने के बारे में बताया. यह टेंकर पानीपत में रिफिलिंग संयंत्र में जा रहा था. हालांकि, लगता है उनके ट्वीट के बाद इस टेंकर को प्रवेश करने दिया गया.
(The above story first appeared on LatestLY on Apr 23, 2021 12:13 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

