देश की खबरें | वादों पर नहीं, काम करने में विश्वास करती है हमारी सरकार: राजस्थान के राज्यपाल बागडे

जयपुर, 31 जनवरी राजस्थान के राज्यपाल हरिभाऊ बागडे ने शुक्रवार को कहा कि राज्य की मौजूदा सरकार वादों पर नहीं बल्कि काम करने में विश्वास करती है और उसकी कथनी व करनी में कोई फर्क नहीं है।

राज्यपाल ने राजस्थान विधानसभा के बजट सत्र के पहले दिन अपने अभिभाषण में यह बात कही।

उन्होंने कहा, “हमारी सरकार वादों पर नहीं बल्कि काम करने में विश्वास करती है। पूर्वी राजस्थान नहर परियोजना ने यह सिद्ध किया है।”

राज्यपाल ने कहा, “दुर्भाग्य से विगत सरकार के समय राजनीतिक लाभ के कारण इस परियोजना को अटकाया जाता रहा। हमारी सरकार ने इसे ‘रामजल सेतु लिंक परियोजना (संशोधित पार्वती-कालीसिंध-चंबल परियोजना) के रूप में धरातल पर क्रियान्वित करने की दिशा में मजबूत पहल की है।”

उन्होंने कहा कि राजस्थान में औद्योगिक विकास की अपार संभावनाएं हैं और हमारा लक्ष्य प्रदेश की अर्थव्यवस्था को 350 अरब डॉलर तक ले जाना।

बागडे ने कहा कि इसी उद्देश्य से ‘राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट’ किया गया था, जो सरकार की दूरदर्शी सोच का सफल उदाहरण है।

उन्होंने कहा कि कार्यकाल के पहले ही वर्ष में शिखर सम्मेलन का आयोजन कर 35 लाख करोड रुपये के निवेश की मजबूत बुनियाद रखी गई और हमारा सौभाग्य है कि ‘वाइब्रेंट गुजरात ग्लोबल समिट’ के माध्यम से राज्यों को निवेश का सफल मॉडल देने वाले प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का प्रेरणादायी सानिध्य हमें मिला।

राज्यपाल ने कहा, “प्रधानमंत्री मोदी के कुशल नेतृत्व में, विगत वर्षों में हमारे देश ने अद्भुत प्रगति अर्जित की है। मजबूत हाथों में कमान होने से भारत ने अपना वर्तमान बहुत बेहतर किया है और भविष्य की नई चुनौतियों के लिए स्वयं को तैयार किया है।”

उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकारों के बीच बेहतर समन्वय से सहकारी संघवाद की अवधारणा सशक्त हुई है और ‘राष्ट्र प्रथम’ हमारा मूल मंत्र बन गया है। बागडे ने कहा, “राज्य सरकार का प्रयास है कि गांव-ढाणी में बसे लोगों को स्वच्छ पेयजल सुलभ हो। ‘जल जीवन मिशन’ के रूप में विगत सरकार को ‘हर घर तक नल से जल’ पहुंचाने का बड़ा अवसर मिला था लेकिन दुर्भाग्य से उन्होंने इसे प्रारंभ करने में कीमती समय बर्बाद किया और जब कार्य प्रारंभ किया तो इसमें हुए घोटालों से प्रदेश की पूरे देश में बदनामी हुई। अब हमारी सरकार इस स्थिति को सुधारने में जुटी है।”

उन्होंने प्रशन पत्र लीक मामले का जिक्र करते हुए कहा, “प्रतियोगी परीक्षाओं में पारदर्शिता ऐसा विषय है, जिस पर सरकार ने मजबूत इरादों और संकल्प शक्ति के साथ काम किया है। गत सरकार के समय हुई प्रश्न पत्र लीक और नकल की घटनाओं से हमारे नौजवान अभ्यर्थियों का भरोसा परीक्षा प्रणाली से उठ गया था।”

बागडे ने कहा, “हमारी सरकार के सख्त निर्णयों से भर्ती संस्थाओं की गरिमा एवं विश्वसनीयता फिर से स्थापित हुई है। राज्य में पेपर लीक तथा नकल माफिया पर अंकुश लगा है।”

राज्यपाल ने कहा, “वर्तमान सरकार के समय में प्रश्न पत्र के कारण एक भी भर्ती परीक्षा स्थगित नहीं हुई है। यह दर्शाता है कि सरकार अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति से युवाओं के भरोसे पर पर खरी उतरी है। पूर्ववर्ती सरकार के समय हुए प्रश्न पत्र लीक से संबंधित प्रकरणों में अब तक 100 प्राथम‍िकी व‍िशेष अभियान समूह (एसओजी) थानों में दर्ज कर 260 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।”

राज्यपाल ने कहा, “किसानों की खुशहाली के लिए हमारी सरकार प्रतिबद्ध है। मुझे प्रसन्नता है कि किसानों की कृषि आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए राज्य सरकार ने दिसम्बर 2024 तक लगभग 30 लाख किसानों को 16 हजार 781 करोड़ रुपये का ब्याज मुक्त अल्पकालीन फसली ऋण वितरित किया है।”

राज्यपाल ने कानून व्यवस्था के मुद्दे पर अभिभाषण में कहा, “किसी भी राज्य का विकास उसकी कानून-व्यवस्था पर निर्भर है। कानून-व्यवस्था मजबूत हाथों में होगी तो उस राज्य को आगे बढ़ने से कोई नहीं रोक सकता है। सरकार राजस्थान को सुरक्षित और भयमुक्त प्रदेश बनाने के लिए संकल्पित है। हमारी पुरजोर कोशिश है कि देश-विदेश में राजस्थान की छवि अपराध मुक्त प्रदेश के रूप पहचानी जाए।”

अभिभाषण के बाद सदन की कार्यवाही सोमवार तक के लिए स्थगित कर दी गई।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)