जरुरी जानकारी | देशी तेलों की मांग कमजोर रहने से तेल-तिलहनों के भाव टूटे
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. देश के बाजारों में सस्ते आयातित तेलों की भरमार के बीच मंगलवार को दिल्ली तेल-तिलहन बाजार में लगभग सभी तेल-तिलहनों कीमतों में गिरावट दर्ज हुई।
नयी दिल्ली, छह जून देश के बाजारों में सस्ते आयातित तेलों की भरमार के बीच मंगलवार को दिल्ली तेल-तिलहन बाजार में लगभग सभी तेल-तिलहनों कीमतों में गिरावट दर्ज हुई।
मलेशिया एक्सचेंज में गिरावट है और शिकॉगो एक्सचेंज में फिलहाल घट-बढ़ का रुख है।
सूत्रों ने कहा कि देश के तिलहन किसान और तेल उद्योग को अब किसी भी तरह से राहत देना मुश्किल है और उनकी निराशा बढ़ती जा रही है। सूरजमुखी के किसानों ने आज सोयाबीन बीज के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) की मांग को लेकर शाहबाद में दिल्ली चंडीगढ़ राजमार्ग को जाम कर दिया। उनकी मांग थी कि सरकार को ‘भावांतर योजना’ देने के बजाय किसानों को 6,400 रुपये के एमएसपी पर किसानों से सूरजमुखी बीज की खरीद सुनिश्वित करना चाहिये।
अब सिर्फ सरकार अगर उपभोक्ताओं को ही सस्ता खाद्य तेल सुलभ करा दे तो यही उसका प्रयास होना चाहिये, क्योंकि तेल कंपनियों और पैकरों द्वारा अधिकतम खुदरा मूल्य (एमआरपी) अत्यधिक तय किये जाने की वजह से ग्राहकों को खाद्य तेलों के लिए अधिक खर्च करना पड़ रहा है।
सूत्रों ने कहा कि जब खाद्य तेल महंगा होता है तो एमआरपी में तत्काल संशोधन कर उसे बढ़ा दिया जाता है मगर जब इन खाद्य तेलों के दाम सस्ते होते हैं तो उसका फायदा मिलने में देर का कारण समझ नहीं आता। उन्होंने कहा कि जब खाद्य तेल के एक लीटर की थैलियों पर एमआरपी की तारीख रोजाना बदली जाती है तो एमआरपी को रोजाना क्यों नहीं बदला जा सकता? देखने में आता है कि खाद्य तेलों के दाम टूट जाने के बावजूद छह-छह महीने पहले का बढ़ा हुआ एमआरपी की छपता रहता है।
सूत्रों ने कहा कि आयातित तेल और तेल मिलों से खाद्य तेल की खरीद किलो (1,000 ग्राम) के हिसाब से की जाती है फिर खुदरा में इन्हें लीटर में क्यों बेचा जाता है ? खुदरा में लीटर में खाद्य तेल की पैकिंग 910 ग्राम की होती है और वनस्पति की पैकिंग 897 ग्राम ही होती है।
मंगलवार को तेल-तिलहनों के भाव इस प्रकार रहे:
सरसों तिलहन - 4,715-4,815 (42 प्रतिशत कंडीशन का भाव) रुपये प्रति क्विंटल।
मूंगफली - 6,145-6,205 रुपये प्रति क्विंटल।
मूंगफली तेल मिल डिलिवरी (गुजरात) - 15,450 रुपये प्रति क्विंटल।
मूंगफली रिफाइंड तेल 2,320-2,585 रुपये प्रति टिन।
सरसों तेल दादरी- 9,050 रुपये प्रति क्विंटल।
सरसों पक्की घानी- 1,550-1,630 रुपये प्रति टिन।
सरसों कच्ची घानी- 1,550-1,660 रुपये प्रति टिन।
तिल तेल मिल डिलिवरी - 18,900-21,000 रुपये प्रति क्विंटल।
सोयाबीन तेल मिल डिलिवरी दिल्ली- 9,480 रुपये प्रति क्विंटल।
सोयाबीन मिल डिलिवरी इंदौर- 9,050 रुपये प्रति क्विंटल।
सोयाबीन तेल डीगम, कांडला- 7,750 रुपये प्रति क्विंटल।
सीपीओ एक्स-कांडला- 7,840 रुपये प्रति क्विंटल।
बिनौला मिल डिलिवरी (हरियाणा)- 8,000 रुपये प्रति क्विंटल।
पामोलिन आरबीडी, दिल्ली- 9,190 रुपये प्रति क्विंटल।
पामोलिन एक्स- कांडला- 8,300 रुपये (बिना जीएसटी के) प्रति क्विंटल।
सोयाबीन दाना - 5,040-5,115 रुपये प्रति क्विंटल।
सोयाबीन लूज- 4,815-4,890 रुपये प्रति क्विंटल।
मक्का खल (सरिस्का)- 4,010 रुपये प्रति क्विंटल।
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