देश की खबरें | सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए भविष्य की प्रौद्योगिकियां विकसित करने की जरूरत : सीडीएस

नयी दिल्ली, सात दिसंबर प्रमुख रक्षा अध्यक्ष जनरल अनिल चौहान ने बृहस्पतिवार को कहा कि मानवयुक्त और मानवरहित सैन्य संपत्तियों को जोड़ना भविष्य के युद्ध की तैयारी के लिए नयी पीढ़ी की वैमानिकी में एक प्रमुख पहलू होगा और भारत इस दिशा में समन्वित प्रयास कर रहा है।

एक विमानन प्रदर्शनी को संबोधित करते हुए शीर्ष सैन्य अधिकारी ने देश के सामने आने वाली किसी भी संभावित सुरक्षा चुनौती से निपटने में भविष्य की प्रौद्योगिकियों को विकसित करने की आवश्यकता पर जोर दिया।

जनरल चौहान ने कहा कि एयरोस्पेस क्षेत्र की प्रमुख सरकारी कंपनी हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (एचएएल) देश की सैन्य तैयारी को मजबूत करने में नयी वैमानिकी और हार्डवेयर पेश करने में सबसे आगे है।

प्रमुख रक्षा अध्यक्ष राष्ट्रीय राजधानी में एचएएल द्वारा आयोजित ‘‘एवियॉनिक्स एक्स्पो 2023’ को संबोधित कर रहे थे।

उन्होंने कहा, ‘‘हम सभी बदलाव के दौर से गुजर रहे हैं। यह न केवल भू-राजनीतिक परिवर्तन बल्कि भू-आर्थिक और प्रौद्योगिकीय बदलाव भी हैं।’’

उन्होंने कहा, ‘‘यह आवश्यक है कि आधुनिक सेनाएं भविष्य के संघर्षों के लिए तैयारी करने के साथ ही लड़ने के लिए तैयार रहें।’’

जनरल चौहान ने कहा कि भविष्य की सुरक्षा चुनौतियों के लिए तैयारी करने के वास्ते मानवयुक्त और मानवरहित संपत्तियों को जोड़ना अहम होगा।

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