देश की खबरें | पुलवामा में मुस्लिम पड़ोसियों ने कश्मीरी पंडित व्यक्ति के अंतिम संस्कार में मदद की

पम्पोर (पुलवामा), 15 नवंबर जम्मू-कश्मीर में सांप्रदायिक सद्भाव की मिसाल पेश करते हुए पम्पोर शहर के मुस्लिम पड़ोसियों ने एक कश्मीरी पंडित का अंतिम संस्कार करने में मदद की।

अशोक कुमार वांगू का मंगलवार शाम करीब पांच बजे पम्पोर शहर के द्रांगबल स्थित उनके आवास पर निधन हो गया।

कश्मीरी पंडित समुदाय ने पार्थिव शरीर को जम्मू ले जाने के बजाय यहीं अंतिम संस्कार करने का फैसला किया। अल्पसंख्यक समुदाय के सदस्यों ने हर सुख-दुख में उनके साथ खड़े रहने के लिए स्थानीय मुसलमानों के प्रति आभार व्यक्त किया।

अशोक के पड़ोसी कश्मीरी पंडित राजू भट ने कहा, ‘‘कल शाम करीब पांच बजे अशोक कुमार वांगू का निधन हो गया। जैसे ही खबर फैली, पूरे द्रांगबल मोहल्ले और आसपास के इलाकों के लोग आ गए और अत्ंयेष्टि अनुष्ठानों की औपचारिकताओं और व्यवस्था में मदद की। पुरुष, महिलाओं और बच्चों सभी ने इसमें हमारी मदद की। हमें ज्यादा कुछ नहीं करना पड़ा।’’

उन्होंने कहा, ‘‘यह हमारे लिए नया नहीं है क्योंकि ऐसा लंबे समय से होता आया है। यह कश्मीरियत है। हालांकि, वर्तमान समय में ऐसा करना वास्तव में महत्वपूर्ण है। हम इसके लिए आभारी हैं।’’

वांगू के बचपन के सहपाठी और पड़ोसी मोहम्मद यूसुफ मलिक ने कहा कि उनका क्षेत्र हमेशा हिंदू-सिख-मुस्लिम एकता के लिए जाना जाता है।

मलिक ने कहा, ‘‘हमारे यहां कभी कोई समस्या नहीं हुई। हिंदू, मुस्लिम और सिख सौहार्दपूर्ण ढंग से हमेशा एक साथ रहे हैं। हम एक-दूसरे के सुख-दुख साझा करते हैं। पंडित समुदाय ने फैसला किया कि वे वांगू को अंतिम संस्कार के लिए जम्मू नहीं ले जाएंगे और यह यहीं किया जाएगा। इसलिए हम सभी मदद के लिए आगे आए।’’

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)