एजेंसी न्यूज

देश की खबरें | उत्तराखंड लौटे ज्यादातर प्रवासी आतिथ्य, सेवा क्षेत्र के है: रिपोर्ट

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. कोविड-19 के कारण हाल में उत्तराखण्ड लौटे प्रवासियों की ‘स्किल मैपिंग’ से पता चला है कि उनमें से ज्यादातर आतिथ्य और सेवा क्षेत्र में अनुभव रखते हैं।

देश की खबरें | उत्तराखंड लौटे ज्यादातर प्रवासी आतिथ्य, सेवा क्षेत्र के है: रिपोर्ट

देहरादून, 15 जुलाई कोविड-19 के कारण हाल में उत्तराखण्ड लौटे प्रवासियों की ‘स्किल मैपिंग’ से पता चला है कि उनमें से ज्यादातर आतिथ्य और सेवा क्षेत्र में अनुभव रखते हैं।

प्रवासियों के संबंध में ग्राम्य विकास एवं पलायन आयोग द्वारा तैयार रिपोर्ट में इस संबंध में कहा गया है कि राज्य में लौटे अधिकांश लोग आतिथ्य और सेवा क्षेत्र में अनुभव रखते हैं जिसका लाभ होमस्टे, इको टूरिज्म, साहसिक खेल आदि गतिविधियों में मिल सकता है।

यह भी पढ़े | राहुल गांधी का बड़ा बयान, कहा- जिसे पार्टी छोड़कर जाना है वह जा सकता है, घबराने की जरूरत नहीं- रिपोर्ट.

यहां जारी एक सरकारी विज्ञप्ति के अनुसार, मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने बुधवार को इस रिपोर्ट का विमोचन किया।

आयोग के उपाध्यक्ष डा एसएस नेगी ने बताया कि 21 जून तक वापस आए प्रवासियों में से 2,15,875 का सर्वेक्षण किया गया जिनमें सबसे अधिक प्रवासी पौड़ी और अल्मोड़ा जिलों में लौटे हैं।

यह भी पढ़े | पश्चिम बंगाल: सीएम ममता बनर्जी का ऐलान, कोरोना से जान गंवाने वाले COVID-19 वारियर्स के परिवार के एक सदस्य को मिलेगी सरकारी नौकरी.

उन्होंने बताया कि प्रवासियों में अन्य राज्यों से 80.66 प्रतिशत, विदेशों से 0.29 प्रतिशत, राज्य के भीतर ही एक जनपद से दूसरे जनपद में 18.11 प्रतिशत और एक जनपद के भीतर एक प्रतिशत हैं।

नेगी ने बताया कि उत्तराखण्ड लौटे प्रवासियों की ‘स्किल मैपिंग’ की गई जिनमें सबसे अधिक 58 प्रतिशत लोग निजी नौकरी और आतिथ्य क्षेत्र में कार्यरत थे। इसके अतिरिक्त तकनीकी, बीपीओ, स्व:रोजगार से जुड़े लोग हैं।

रिपोर्ट में प्रवासियों के रोजगार के लिए हाल में शुरू मुख्यमंत्री स्व:रोजगार योजना को सबसे महत्वपूर्ण बताया गया है और इसमें तमाम विभागों की योजनाओं के शामिल होने को देखते हुए समन्वय के लिए राज्य स्तर पर एक प्रकोष्ठ की स्थापना पर जोर दिया गया है।

इस मौके पर मुख्यमंत्री रावत ने कहा कि मुख्यमंत्री स्व:रोजगार योजना से लाभ उठाने के लिए अधिक से अधिक लोगों को प्रेरित किया जाए। उन्होंने रिपोर्ट की अनुशंसा मानते हुए इसके लिए राज्य स्तर पर एक प्रकोष्ठ की स्थापना किए जाने की भी घोषणा की।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

(The above story first appeared on LatestLY on Jul 15, 2020 07:12 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).