नयी दिल्ली, 25 अगस्त कोरोना वायरस संकट के बीच पोत परिवहन मंत्रालय ने भारतीय बंदरगाहों पर और चार्टर उड़ानों के माध्यम से 1,00,000 से अधिक चालक दल को अदला-बदली की सुविधा प्रदान की है। मंत्रालय ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
मंत्रालय के आधिकारिक बयान के मुताबिक यह दुनिया में चालक दल की अदला-बदली की सबसे अधिक संख्या है। चालक दल की अदला-बदली में एक जहाज के चालक दल के सदस्यों को दूसरे जहाज के चालक दल के साथ बदला जाता है। इसमें जहाजों पर साइन-ऑन करने और जहाजों से साइन-ऑफ करने की प्रक्रिया शामिल है।
पोत परिवहन मंत्री मनसुख मंडाविया ने कोविड-19 संकट के समय फंसे हुए नाविकों की मदद के लिए किए गए प्रयासों की सराहना की।
उन्होंने पोत परिवहन महानिदेशक को समुद्री यात्रियों की सुविधा के लिए शिकायतों के निपटारे के लिए मजबूत तंत्र बनाने के निर्देश दिए।
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कोरोना महामारी से सबसे अधिके प्रभावित क्षेत्रों में समुद्री क्षेत्र भी शामिल है। इसके बावजूद इस दौरान सभी भारतीय बंदरगाह काम कर रहे थे। ये भारत और दुनिया के लिए सुचारू आपूर्ति श्रृंखला के मुख्य स्तंभ के रूप में आवश्यक सेवाएं प्रदान कर रहे थे।
पोत परिवहन महानिदेशक अमिताभ कुमार ने जानकारी दी कि नौकायन के लिए आवश्यक विभिन्न प्रमाणपत्रों के विस्तार, यात्रा के लिए ऑनलाइन ई-पास सुविधा आदि जैसी अनेक पहल की गयी हैं। ऑनलाइन जहाज पंजीकरण और ऑनलाइन चार्टर लाइसेंसिंग के साथ फंसे हुए नाविकों के बारे में विस्तृत जानकारी अपलोड करने के उद्देश्य से चार्टेड उड़ानों के लिए नाविकों के सत्यापन के लिए एक ऑनलाइन सुविधा बनाई गई है।
पोत परिवहन महानिदेशक को 2000 से अधिक समुद्री साझेदारों से ईमेल, ट्वीट और पत्रों के माध्यम से संदेश प्राप्त हुए और उनकी जरूरतों को पूरा करने के लिए तत्काल कार्रवाई की गयी।
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