हित्ती ने प्रधानमंत्री को अपना इस्तीफा सौप दिया और बिना कोई टिप्पणी किए उन्होंने सरकारी आवास खाली कर दिया।
राजनयिक से अपना करियर शुरू करने वाले हित्ती प्रधानमंत्री हसन दियाब सरकार में इस साल जनवरी में विदेशमंत्री बने थे। खबर है कि हित्ती सरकार के प्रदर्शन और सुधार के लिए किए वादों पर कोई काम नहीं होने से नाखुश थे।
यह भी पढ़े | UAE में इमारत की छठी मंजिल से गिरने से भारतीय इंजीनियर की हुई मौत.
गौरतलब है कि लेबनान तेजी से आर्थिक दिवालियापन, संस्थानों के खंडित होने, उच्च महंगाई दर की ओर बढ़ रहा है। गरीबी में भी तेजी से इजाफा हो रहा है। इन समस्याओं में कोविड-19 महामारी ने और इजाफा कर दिया है।
देश में रोजाना स्थिति भयावह होती जा रही है। बड़ी संख्या में लोगों को काम से निकाला जा रहा है, अस्पतालों के बंद होने का खतरा है, दुकान और रेस्तरां बंद हो रहे हैं, अपराध बढ़ता जा रहा है और सेना अपने सैनिकों को भोजन तक मुहैया नहीं करा पा रही है और गोदामों द्वारा मियाद खत्म हो चुके खाद्य पदार्थों को बेचा जा रहा है।
यह भी पढ़े | अफगानिस्तान की जेल में अभी भी हमला जारी, दुर्घटना में 11 की मौत 42 लोग घायल.
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)













QuickLY