देश की खबरें | विधानसभा चुनाव 2019 में लातूर ग्रामीण सीट पर धांधली हुई थी: भाजपा नेता का दावा

मुंबई, 28 जनवरी महाराष्ट्र सरकार में पूर्व मंत्री और भाजपा नेता संभाजी पाटिल निलंगेकर ने कहा है कि मराठवाड़ा में लातूर ग्रामीण क्षेत्र में 2019 में हुए विधानसभा चुनाव में धांधली हुई थी।

इस चुनाव में मंत्री और कांग्रेस नेता अमित देशमुख के छोटे भाई धीरज ने लातूर जिले की सीट पर 1,35,006 मत प्राप्त कर जीत हासिल की थी।

कांग्रेस विधायक धीरज देशमुख ने बृहस्पतिवार को पाटिल निलंगेकर के दावों को खारिज किया और कहा कि निलंगेकर को इस पर टिप्पणी करनी चाहिए कि 2019 चुनाव में शिवसेना और भाजपा के बीच टिकट बांटने में धांधली की गई थी या नहीं।

बुधवार को लातूर में एक कार्यक्रम में पाटिल निलंगेकर ने कहा कि जब भाजपा और शिवसेना के बीच गठबंधन था तब लातूर ग्रामीण की सीट भाजपा के कोटे में थी।

उन्होंने कहा कि भाजपा ने 2014 में इस सीट से चुनाव लड़ा था और लगभग 93,000 मत प्राप्त किए थे।

भाजपा नेता ने कहा कि यदि पार्टी ने 2019 में इस सीट से दोबारा चुनाव लड़ा होता तो जीत हासिल होती।

उन्होंने कहा कि शिवसेना ने ग्रामीण सीट से चुनाव लड़ने की जिद की।

निलंगेकर ने कहा कि यह सीट भाजपा के कोटे में थी और 2014 चुनाव में भाजपा के रमेश करद ने 93,000 मत प्राप्त किये थे।

उन्होंने कहा कि 2019 चुनाव में अचानक शिवसेना ने इस सीट से चुनाव लड़ने की जिद की और ऐसे उम्मीदवार को खड़ा किया जिसे स्थानीय तौर पर कोई नहीं जानता था।

उन्होंने कहा कि शिवसेना के प्रत्याशी ने चुनाव प्रचार भी नहीं किया और नामांकन भरने के बाद गायब हो गया।

निलंगेकर ने कहा कि प्रत्याशी के गायब होने पर शिवसेना कार्यकर्ताओं ने भी सोशल मीडिया पर पोस्ट लिखी थी।

उन्होंने कहा कि लातूर ग्रामीण सीट पर कौन जीतेगा यह तय हो गया था और यह ऊंचे स्तर पर किया गया था।

उन्होंने कहा कि जो हुआ वह लोकतंत्र की हत्या थी।

निलंगेकर ने किसी का नाम लिये बिना कहा कि उन्हें इस बात का दुख है।

धीरज देशमुख ने मुंबई में एक मराठी न्यूज चैनल से बातचीत में पाटिल निलंगेकर के दावों को खारिज किया।

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