देश की खबरें | जम्मू: रोहिंग्या मुसलमानों, उनकी मदद करने वालों के खिलाफ चलाया गया अभियान, 50 लोग हिरासत में

जम्मू, 19 दिसंबर पुलिस ने जम्मू में अवैध रूप से बसे रोहिंग्या प्रवासियों को आश्रय प्रदान करने और इसमें उनकी मदद करने वालों के खिलाफ एक बड़े अभियान के तहत मंगलवार को सात दंपतियों समेत 50 से अधिक लोगों को या तो हिरासत में ले लिया या उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने यह जानकारी दी।

जम्मू क्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक आनंद जैन ने मंगलवार शाम यहां संवाददाताओं को बताया कि राष्ट्रीय सुरक्षा सुनिश्चित करने और जम्मू-कश्मीर के निवासियों के हितों की रक्षा करने के उद्देश्य से दिन भर चले अभियान के दौरान लगभग 12 प्राथमिकी दर्ज की गईं।

उन्होंने बताया कि जम्मू शहर की 30 रोहिंग्या बस्तियों में तलाशी के दौरान 30 से अधिक लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया।

पुलिस ने पहले कहा था कि किश्तवाड़, रामबन, पुंछ और राजौरी जिलों से 21 लोगों को गिरफ्तार किया गया, जबकि डोडा में 10 रोहिंग्या और बांग्लादेशी नागरिकों के खिलाफ मामले दर्ज किए गए।

जम्मू-सांबा-कठुआ क्षेत्र के उप महानिरीक्षक (डीआईजी) शक्ति पाठक ने यहां रोहिंग्या बस्ती के बाहर संवाददाताओं से कहा,''कुछ स्थानीय लोगों ने प्रवासियों को बसाने के लिए अपनी जमीन उपलब्ध कराई है। हम ऐसा करने वाले लोगों की जांच और पहचान कर रहे हैं।...’’’

इस अभियान का नेतृत्व कर रहे पाठक ने कहा कि जम्मू शहर में सात थानों के अधिकार क्षेत्र में लगभग 30 स्थानों की तलाशी ली गई।

अधिकारी ने बताया कि तलाशी के दौरान अवैध रूप से हासिल किए गए भारतीय दस्तावेज जैसे पैन कार्ड, आधार कार्ड, बैंक दस्तावेज और अन्य आपत्तिजनक सामग्री जब्त की गई।

इससे पहले पुलिस के एक प्रवक्ता ने बताया था कि जम्मू जिले के विभिन्न स्थानों पर तलाशी के बाद सतवारी, त्रिकुटा नगर, बाग-ए-बाहु, चन्नी हिम्मत, नोवाबाद, डोमाना और नगरोटा के थानों में प्राथमिकी दर्ज की गईं।

किश्तवाड़ के दछन इलाके से गिरफ्तार किए गए 13 लोगों में छह पुरुष और उनकी रोहिंग्या पत्नियां शामिल थीं।

रामबन जिले के धरमकुंड पुलिस थाना क्षेत्र में चार लोगों को गिरफ्तार किया गया जिनमें एक दंपति भी शामिल है।

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