देश की खबरें | जहांगीरपुरी हिंसा : पाबंदियों के कारण कारोबार प्रभावित

नयी दिल्ली, 23 अप्रैल उत्तरी-पश्चिमी दिल्ली के जहांगीरपुरी इलाके में साम्प्रदायिक हिंसा को एक सप्ताह गुजर चुका है लेकिन इलाके में अभी भी ज्यादातर दुकानें बंद हैं और शनिवार को दुकानदारों ने अपना दुख बयान करते हुए कहा कि पाबंदियों और सड़कों पर अवरोधक लगे होने के कारण उनका धंधा चौपट हो रहा है।

गौरतलब है कि दिल्ली पुलिस ने एक दिन पहले ही स्पष्ट किया है कि वह दुकानें खोलने से नहीं रोक रही है, इसके बावजूद लोगों की शिकायत बनी हुई है।

हिंसा से प्रभावित सी-ब्लॉक के और आसपास के दुकानदारों का कहना है कि अवरोधक लगे होने के कारण कारोबार नहीं हो पा रहा है और यही कारण है कि वे दुकानें नहीं खोल रहे हैं।

हालांकि, क्षेत्र में लोगों को आवाजाही की कुछ छूट है और स्थानीय लोगों, स्कूली छात्रों को अवरोधक लगी हुई सड़कों और कुशाल चौक से गुजरते हुए देखा जा सकता है। लेकिन क्षेत्र में वाहनों की आवाजाही पर अभी भी पाबंदी है।

‘अमन’ समितियों की बैठक के दौरान दोनों सम्प्रदायों के सदस्यों ने क्षेत्र में शांति बहाली की घोषणा की और सौहार्दपूर्ण तरीके से रहने पर राजी हुए, जिसके बाद इलाके में शांति की स्थिति है।

शनिवार को भी सुरक्षा बलों के कर्मी सड़कों पर गश्त करते नजर आए लेकिन उनकी संख्या पहले के मुकाबले काफी कम थी ।

अमन समिति की शुक्रवार को हुई बैठक में उत्तरी-पश्चमी जिले की डीसीपी ऊषा रंगनानी ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की और स्पष्ट किया कि वह दुकानें खोलने के खिलाफ नहीं हैं।

उन्होंने रेखांकित किया, ‘‘मैंने जहांगीरपुरी के एच और जी ब्लॉक में दुकानें खोलने से कभी मना नहीं किया। मुझे नहीं पता कि ये दुकानें क्यों बंद हैं। हम इन ब्लॉकों में दुकानें खोलने और कारोबार करने का समर्थन करेंगे।’’

ज्यादातर दुकानदारों ने पीटीआई/ को बताया कि अवरोधकों के कारण बिक्री नहीं हो रही है इसलिए वे अपनी दुकानें नहीं खोल रहे हैं।

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