ताजा खबरें | सहारा समूह की कंपनियों के खिलाफ जांच किसी की मौत से बाधित नहीं होगी : सरकार
Get latest articles and stories on Latest News at LatestLY. सरकार ने सोमवार को कहा कि सहारा समूह की कुछ कंपनियों के खिलाफ गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय (एसएफआईओ) और कंपनी कानून के तहत जारी जांच किसी भी व्यक्ति की मौत से बाधित नहीं होगी।
नयी दिल्ली, 11 दिसंबर सरकार ने सोमवार को कहा कि सहारा समूह की कुछ कंपनियों के खिलाफ गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय (एसएफआईओ) और कंपनी कानून के तहत जारी जांच किसी भी व्यक्ति की मौत से बाधित नहीं होगी।
सहारा समूह के प्रमुख सुब्रत रॉय का 14 नवंबर को लंबी बीमारी के बाद हृदयाघात के कारण निधन हो गया।
कॉर्पोरेट कार्य राज्य मंत्री राव इंद्रजीत सिंह ने लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में कहा कि मंत्रालय ने 31 अक्टूबर, 2018 को सहारा समूह की तीन कंपनियों के मामलों की जांच एसएफआईओ को सौंपी थी।
ये कंपनियां सहारा हाउसिंग इन्वेस्टमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड, सहारा क्यू शॉप यूनिक प्रोडक्ट्स रेंज लिमिटेड और सहारा क्यू गोल्ड मार्ट लिमिटेड हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि 27 अक्टूबर, 2020 को समूह की छह अन्य कंपनियों के खिलाफ जांच के आदेश दिए गए थे। ये कंपनियां हैं- एंबी वैली लेफ्टिनेंट, किंग एंबे सिटी डेवलपर्स कॉर्पोरेशन लिमिटेड, सहारा इंडिया कमर्शियल कॉर्पोरेशन लिमिटेड, सहारा प्राइम सिटी लिमिटेड, सहारा इंडिया फाइनेंशियल कॉर्पोरेशन लिमिटेड और सहारा इंडिया रियल एस्टेट कॉर्पोरेशन लिमिटेड।
सिंह ने कहा, ''किसी भी व्यक्ति की मौत से उपरोक्त जांच बाधित नहीं होगी।''
राज्य मंत्री सहारा समूह द्वारा किए गए चिटफंड घोटाले की जांच के संबंध में हाल में सहारा इंडिया समूह के प्रमुख की मृत्यु के बाद सरकार की प्रतिक्रिया के बारे में एक सवाल का जवाब दे रहे थे।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)