विदेश की खबरें | संयुक्त राष्ट्र महासभा सत्र के दौरान भारत का आतंकवाद, शांति और बहुस्तरीय सुधार पर होगा ध्यान
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

संयुक्त राष्ट्र, 18 सितंबर इस सप्ताह से संयुक्त राष्ट्र महासभा का उच्च स्तरीय सत्र शुरू होने जा रहा है जिसमें आतंकवाद पर अंकुश, जलवायु परिवर्तन रोकने के लिए कार्यक्रम और कोविड-19 टीके का समान वितरण अहम क्षेत्र हैं जिनपर भारत का मुख्य रूप से ध्यान केंद्रित होगा।

विदेश मंत्री एस.जयशंकर संयुक्त राष्ट्र महासभा के 77वें वार्षिक सत्र में हिस्सा लेने के लिए रविवार को न्यूयॉर्क पहुंचेंगे जो खुली बहस के साथ 20 सितंबर को शुरू होगा।

जयशंकर सत्र से इतर सप्ताह में 50 से अधिक द्विपक्षीय और बहुपक्षीय आधिकारिक बैठकों के बाद 24 सितंबर को विश्व नेताओं को संयुक्त राष्ट्र महासभा के मंच से संबोधित करेंगे।

आम सभा की आम बहस 20 सितंबर को शुरू होगी जिसमें विश्व नेता अपने-अपने राष्ट्रीय वक्तव्य देंगे। पांरपरिक रूप से इस बहस में ब्राजील के बाद दूसरे स्थान पर अमेरिका का भाषण होता है, परंतु 19 सितंबर को ब्रिटेन की दिवंगत महारानी एलिजाबेथ द्वितीय के राजकीय अंतिम संस्कार में शामिल होने की वजह से राष्ट्रपति जो बाइडन 21 सितंबर को सत्र को संबोधित करेंगे।

यह सत्र कोविड-19 महामारी की वजह से दो साल बाधित रहने के बाद पांरपरिक तरीके से हो रहा है।

गौरतलब है कि जयशंकर 18 से 28 सितंबर तक अमेरिका की यात्रा पर होंगे और इस दौरान वह न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र के सत्र में हिस्सा लेने और संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुतारेस और संयुक्त राष्ट्र महासभा के 77वें सत्र के अध्यक्ष साबा कोरोसी से मुलाकात के बाद वाशिंगटन जाएंगे।

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