जरुरी जानकारी | भारत का 10 करोड़ टन कोयला गैसीकरण का लक्ष्य : जोशी

नयी दिल्ली, 31 अगस्त केंद्रीय कोयला मंत्री प्रह्लाद जोशी ने सोमवार को कहा कि भारत ने 2030 तक 10 करोड़ टन कोयला गैसीकरण का लक्ष्य रखा है। इसमें 4 लाख करोड़ रुपये से अधिक का निवेश होगा।

कोयला गैसीकरण और द्रवीकरण पर एक वेबिनार (इंटरनेट के जरिये आयोजित सेमिनार) को संबोधित करते हुए जोशी ने यह बात कही।

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उन्होंने कहा कि कोयला गैसीकरण और द्रवीकरण अब एक आवश्यकता बन गयी है। ईंधन के स्वच्छ स्रोतों के उपयोग को प्रोत्साहित करने के लिए, सरकार ने गैसीकरण के लिए इस्तेमाल होने वाले कोयले की राजस्व हिस्सेदारी में 20 प्रतिशत की रियायत प्रदान की है।

उन्होंने कहा कि 10 करोड़ टन गैसीकरण का लक्ष्य तीन चरणों में हासिल किया किया जाएगा जिसमें चार लाख करोड़ रुपये से अधिक का निवेश होगा।

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मंत्री ने कहा कि इससे सिंथेटिक प्राकृतिक गैस, ऊर्जा ईंधन, उर्वरकों के लिए यूरिया और अन्य रसायनों के उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा।

कोयला क्षेत्र में हरित पहलों के लिए सरकार की प्रतिबद्धताओं को दोहराते हुए जोशी ने कहा कि कोयला गैसीकरण और द्रवीकरण सरकार के एजेंडे में है और देश में कोयला गैसीकरण के विकास के लिए विभिन्न कार्य किए गए हैं।

इस संबंध में नीति आयोग के सदस्य डॉ वी.के.सारस्वत की अध्यक्षता में एक संचालन समिति का गठन किया गया है। समिति में कोयला मंत्रालय के सदस्य भी शामिल हैं।

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