विदेश की खबरें | पश्चिम नदी परियोजना पर पाकिस्तान को और आंकड़े मुहैया कराने पर राजी हुआ भारत

इस्लामाबाद, तीन मार्च सिंधू जल स्थाई आयोग (पीसीआईडब्ल्यू) के तहत भारत-पाकिस्तान के अधिकारियों के बीच हुई वार्षिक बैठक के दौरान भारत ने विभिन्न पश्चिमी पनबिजली परियोजनाओं पर पाकिस्तान को आंकड़े मुहैया कराने पर सहमति जतायी है।

मीडिया में बृहस्पतिवार को इस संबंध में सूचना आयी है। पीसीआईडब्ल्यू के दो आयुक्तों ने तीन दिवसीय बैठक में एजेंडा में शामिल सभी विषयों पर चर्चा पूरी कर ली। बातचीत बेहद सौहार्दपूर्ण वातावरण में हुई और इस महत्वपूर्ण चर्चा के निष्कर्ष पर घोषणा बृहस्पतिवार को होने की संभावना है।

डॉन अखबार के अनुसार, पाकिस्तान ने कुलां रामवाड़ी, फेब-2, तमाशा हाइड्रो, बाल्टीकुलां, डरबुक श्योक, नुम्मु चिलिंग, करगिल हंडरमैन, फगला और मंडी एचईपी सहित 10 परियोजनाओं पर आपत्ति जतायी है।

अखबार के अनुसार, पाकिस्तान ने जिन 10 परियोजनाओं पर आपत्ति जतायी है उनमें से नौ लघु बिजली परियोजना के तहत 25 मेगावाट या उससे कम क्षमता की है। खबर के मुताबिक, इन लघु परियोजनाओं पर भारत ने कुछ आंकड़े मुहैया कराए हैं लेकिन तकनीकी तथा अन्य कारणों से वे पाकिस्तान को स्वीकार्य नहीं हैं।

खबर के अनुसार, भारतीय पक्ष ने बताया कि लघु परियोजनाओं के संबंध में प्रांतों और राज्य की सरकारें सामान्य रूप से डिजाइन और इंजीनियरिंग की पूरी जानकारी नहीं रख पाती हैं, लेकिन वह 1960 सिंधू जल संधि के तहत आवश्यक जानकारी मुहैया कराने के लिए संबंधित एजेंसियों से संपर्क करेंगे।

खबर के अनुसार, पाकिस्तान ने इन परियोजनाओं से जुड़ी 15-20 और आपत्तियां भारत के समक्ष उठायी हैं।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)