जरुरी जानकारी | समुचित पेंशन का दायरा बढ़ाना समय की जरूरत: पीएफआरडीए पूर्णकालिक सदस्य
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. पेंशन कोष विनियामक एवं विकास प्राधिकरण (पीएफआरडीए) की पूर्णकालिक सदस्य ममता शंकर ने कहा है कि जीवन प्रत्याशा बढ़ने और उम्रदराज लोगों की बढ़ती आबादी को देखते हुए समुचित पेंशन का दायरा बढ़ाना समय की जरूरत है। बृहस्पतिवार को जारी एक आधिकारिक बयान में यह कहा गया है।
नयी दिल्ली, 21 दिसंबर पेंशन कोष विनियामक एवं विकास प्राधिकरण (पीएफआरडीए) की पूर्णकालिक सदस्य ममता शंकर ने कहा है कि जीवन प्रत्याशा बढ़ने और उम्रदराज लोगों की बढ़ती आबादी को देखते हुए समुचित पेंशन का दायरा बढ़ाना समय की जरूरत है। बृहस्पतिवार को जारी एक आधिकारिक बयान में यह कहा गया है।
उन्होंने कंपनी जगत से अपने कर्मचारियों के लाभ के लिए एनपीएस (नई पेंशन प्रणाली) अपनाने का भी आग्रह किया।
बयान के अनुसार, हाल में हैदराबाद में कॉरपोरट क्षेत्र के लिए एनपीएस जागरूकता को लेकर आयोजित एक कार्यक्रम में उन्होंने कहा, ‘‘लोगों की जीवन प्रत्याशा बढ़ रही है। साथ ही उम्रदराज लोगों की आबादी भी बढ़ रही है। ऐसे में वर्तमान समय में समुचित पेंशन का दायरा बढ़ाने की जरूरत है।’’
उन्होंने एनपीएस पर मिल रहे रिटर्न और इसके बेहतर तरीके से काम करने का जिक्र किया और कंपनी जगत से अपने कर्मचारियों के लाभ के लिए एनपीएस (नई पेंशन प्रणाली) अपनाने का आग्रह किया।
पीएफआरडीए के अनुसार, एनपीएस के तहत इक्विटी में निवेश पर शुरू से लेकर अब तक 12.84 प्रतिशत का रिटर्न मिला है।
उद्योग मंडल फिक्की के सहयोग से आयोजित कार्यक्रम में एनपीएस के लाभ और विशेषताओं के बारे में वक्ताओं ने जानकारी दी। साथ ही कॉरपोरेट कर्मचारियों के लिए एनपीएस के महत्व की बात कही गयी।
वक्ताओं ने सेवानिवृत्ति लाभ योजना, एनपीएस के तहत कर लाभ सहित विभिन्न पहलुओं पर जानकारी दी।
पीएफआरडीए के अनुसार नौ दिसंबर, 2023 की स्थिति के अनुसार एनपीएस और अटल पेंशन योजना के तहत अंशधारकों की संख्या 6.92 करोड़ रही जबकि प्रबंधन अधीन परिसंपत्तियां 10.70 लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गयी हैं। वहीं कंपनियों सहित निजी क्षेत्र के अंशधारकों की संख्या 50 लाख से अधिक है।
कार्यक्रम में विभिन्न कंपनियों और संबंधित क्षेत्र के प्रतिनिधि शामिल हुए।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)