कांग्रेस और सहयोगी दल जीते तो दंगे और अत्याचार होंगे: अमित शाह
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को कांग्रेस नीत विपक्षी गठबंधन पर आतंकवाद के मुद्दे को लेकर नरम रुख अपनाने और वंचित जातियों के उत्थान के प्रति उदासीन रवैया अपनाने का आरोप लगाया और चेतावनी दी कि सत्ता में उनकी वापसी से देश में गरीबी, दंगे, अत्याचार और हिंसा बढ़ेगी.
कटिहार, 21 अप्रैल : केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को कांग्रेस नीत विपक्षी गठबंधन पर आतंकवाद के मुद्दे को लेकर नरम रुख अपनाने और वंचित जातियों के उत्थान के प्रति उदासीन रवैया अपनाने का आरोप लगाया और चेतावनी दी कि सत्ता में उनकी वापसी से देश में गरीबी, दंगे, अत्याचार और हिंसा बढ़ेगी. बिहार के कटिहार लोकसभा क्षेत्र में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए भाजपा के पूर्व अध्यक्ष ने अपनी पार्टी को नरेन्द्र मोदी के रूप में देश को अपना ‘‘पहला ओबीसी प्रधानमंत्री’’ देने का श्रेय भी दिया, जिन्होंने परिवारवाद, जातिवाद और तुष्टिकरण की राजनीति को ‘‘खत्म’’ कर दिया है.
उन्होंने कहा, ''मोदी ने नक्सलवाद का सफाया कर दिया और आतंकवाद पर लगाम लगायी. जब कांग्रेस सत्ता में थी तो आतंकवादी मनमर्जी से हमले करते थे और कोई जवाबी कार्रवाई करने की हिम्मत नहीं जुटा पाता था. इसके विपरीत उरी और पुलवामा में हमलों के तुरंत बाद सर्जिकल स्ट्राइक और बालाकोट हवाई हमले किए गए.'' शाह ने कहा, ‘‘हमारे सुरक्षाकर्मियों ने पाकिस्तान की सीमा में प्रवेश कर आतंकवादियों को घर में घुसकर मारा.’’ उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा चुनावी रैलियों में अनुच्छेद 370 को निरस्त करने का मुद्दा उठाने पर आपत्ति जताने के लिए उनकी आलोचना की और कहा, ‘‘यह न केवल जम्मू-कश्मीर बल्कि पूरे देश से जुड़ा मामला है. राजस्थान और बिहार के लोगों ने वहां उग्रवाद से लड़ते हुए अपना खून बहाया है. अब कश्मीर देश के बाकी हिस्सों के साथ पूरी तरह से एकीकृत हो गया है.’’ यह भी पढ़ें : Ranchi : ‘उलगुलान न्याय महारैली’ में बोली प्रियंका चतुर्वेदी,कहा – उद्धव ठाकरे ने मुझसे कहा,आप जाओ,हमारी जो दो बहनें है,उनकी लड़ाई में उनकी आवाज उठाओं -Video
शाह ने आरोप लगाया, ‘‘कांग्रेस काका कालेलकर आयोग की रिपोर्ट पर सोई रही और जब मंडल आयोग की सिफारिशें लागू की गईं, तो उसने इसका विरोध किया.’’ उन्होंने कहा कि मोदी के कार्यकाल में ओबीसी आयोग को संवैधानिक दर्जा दिया गया.
शाह ने कहा, ‘‘मोदी न केवल पहले ओबीसी प्रधानमंत्री हैं बल्कि वह एक ऐसे मंत्रिमंडल का नेतृत्व करते हैं, जिसमें 35 प्रतिशत मंत्री पिछड़े वर्गों से आते हैं. यह सब भाजपा द्वारा संभव हुआ है.’’ गृह मंत्री ने कटिहार के मतदाताओं से स्थानीय जदयू सांसद दुलाल चंद्र गोस्वामी को वोट देने और प्रधानमंत्री मोदी को लगातार तीसरी बार सत्ता में जीतने में मदद करने का आग्रह करते हुए कहा, ''यदि आप राष्ट्रीय जनता दल (राजद) और कांग्रेस के साथ जाते हैं तो आपको दंगे, अत्याचार, गरीबी और भुखमरी से जूझना होगा लेकिन अगर आप राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के साथ जाते हैं तो आपको डबल इंजन सरकार का लाभ मिलता रहेगा.''
शाह ने राजद के चुनाव चिन्ह का जिक्र करते हुए कहा, ‘‘नीतीश कुमार ने बिहार के सुदूर गांवों तक बिजली पहुंचा दी है लेकिन विपक्षी गठबंधन 'इंडिया' राज्य को लालटेन युग में वापस ले जाना चाहता है.’’ भाजपा नेता ने राजद पर सत्ता में रहते हुए राज्य में ‘‘जंगल राज’’ लाने का भी आरोप लगाया और पार्टी सुप्रीमो लालू प्रसाद व उनके बेटे तेजस्वी यादव पर ‘‘कांग्रेस की गोद में बैठने’’ का आरोप लगाया.
गृह मंत्री ने मोदी के शासन में देश द्वारा की गई प्रगति को लेकर आंकड़े पेश करते हुए दावा किया कि पिछले 10 वर्षों में औसतन हर हफ्ते एक विश्वविद्यालय स्थापित किया गया है और हर दिन दो नए कॉलेज स्थापित किए गए हैं. इसके अलावा हर दिन गरीब उद्यमियों को औसतन एक लाख मुद्रा ऋण दिए गए हैं . उन्होंने कहा कि मोदी के शासन ने बिहार सहित पूरे देश में विकास किया है. पिछली कांग्रेस सरकार के 10 वर्षों के दौरान बिहार के लिए केंद्रीय परिव्यय 2.80 लाख करोड़ था जबकि मोदी के कार्यकाल में यह बढ़कर 9.23 लाख करोड़ हो गया.
(The above story first appeared on LatestLY on Apr 21, 2024 04:58 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

