पुणे, 17 जून कागज रहित परीक्षाओं में मदद के लिए एक 'टैबलेट', बच्चों के लिए स्वतंत्र रूप से पढ़ने में सहायता करने वाला एक एप्लीकेशन और ''भारतीय गंधशात्र'' आदि यहां जी20 बैठक से इतर एक प्रदर्शनी में आकर्षण का केंद्र हैं।
इस प्रदर्शनी का उद्घाटन शनिवार को केंद्रीय शिक्षा राज्य मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने किया और यह 22 जून तक प्रदर्शित रहेगी।
जी20 शिक्षा कार्य समूह की चौथी बैठक के मौके पर इस प्रदर्शनी में शिक्षा, मूलभूत साक्षरता और डिजिटल पहल, अनुसंधान और कौशल विकास में सर्वोत्तम प्रथाओं के बारे में बताया गया है।
गूगल, यूनिसेफ, राष्ट्रीय कौशल विकास निगम, राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद, राष्ट्रीय पुस्तक न्यास, शिक्षा मंत्रालय के अधीन भारतीय ज्ञान प्रणाली (आईकेएस) प्रभाग, स्टार्ट-अप और राज्य सरकारों सहित 100 से अधिक प्रदर्शकों ने प्रदर्शनी में भाग ले रहे हैं।
आईकेएस प्रकोष्ठ ‘‘भारतीय गंधशास्त्र’’ सहित कई प्रदर्शनों के माध्यम से देश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को प्रदर्शित कर रहा है। इसमें विभिन्न सुगंधित इत्र और "रज्जू-सर्प" और "बाघ-बकरी" जैसे पारंपरिक खेलों की तैयारी शामिल है।
भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) बम्बई की परियोजना ‘‘उड़ान’’ जो दस्तावेजों के निर्बाध मशीनी अनुवाद के लिए तैयार किया गया है, को भी प्रदर्शनी में प्रदर्शित किया जा रहा है।
एक अधिकारी ने कहा, ‘‘इस परियोजना ने ध्यान खींचा है और सैकड़ों पाठ्यपुस्तकों के कई भारतीय ओं में तेजी से अनुवाद के लिए अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (एआईसीटीई) सहित विभिन्न संगठनों द्वारा व्यापक रूप से इसका इस्तेमाल किया जाता है।’’
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