नयी दिल्ली, 11 सितंबर जी20 के सदस्य देशों के नेताओं ने सार्वभौमिक स्वास्थ्य कवरेज हासिल करने, महामारी संबंधी तैयारियों को बढ़ाने और मौजूदा संक्रामक रोग निगरानी प्रणालियों को मजबूत करने के लिए अधिक लचीली, न्यायसंगत, टिकाऊ और समावेशी स्वास्थ्य प्रणाली बनाने का संकल्प लिया है।
भारत की अध्यक्षता में जी20 के नेताओं का दो दिवसीय शिखर सम्मेलन रविवार को यहां संपन्न हुआ।
नेताओं ने अपने संयुक्त घोषणापत्र में प्राथमिक स्वास्थ्य देखभाल, स्वास्थ्य कार्यबल और आवश्यक स्वास्थ्य सेवाओं को अगले दो से तीन वर्ष के भीतर महामारी के पूर्व स्तर से भी बेहतर करने पर जोर दिया।
क्षयरोग (टीबी) और एड्स जैसी बीमारियों पर ध्यान देने के अलावा उभरती और विकसित अर्थव्यवस्थाओं के समूह ने कोविड-19 पर अनुसंधान के महत्व को रेखांकित किया।
जी20 नेताओं ने भविष्य में स्वास्थ्य आपात स्थितियों के लिहाज से बेहतर तैयारी के लिए विकासशील देशों में चिकित्सा उपायों तक पहुंच में सुधार और अधिक आपूर्ति तथा उत्पादन क्षमता के लिए प्रतिबद्धता जताई।
‘जी20 नई दिल्ली घोषणापत्र’ में चतुर्पक्षीय ‘एक स्वास्थ्य संयुक्त कार्य योजना’ (2022-2026) द्वारा संचालित एक स्वास्थ्य-आधारित दृष्टिकोण को बढ़ावा देने और स्वास्थ्य प्रणालियों के लचीलेपन को बढ़ाने की आवश्यकता पर प्रकाश डाला गया।
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