जरुरी जानकारी | विदेशी बाजारों में तेजी के बीच त्यौहारी मांग से सरसों सहित सभी तेल, तिलहनों में सुधार
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. विदेशी बाजारों में सुधार के रुख के बीच त्यौहारों के मौसम में कारोबारियों के साथ साथ फुटकर मांग बढ़ने से दिल्ली तेल तिलहन बाजार में बृहस्पतिवार को सरसों, मूंगफली सहित सभी तेल तिलहन कीमतों में सुधार दर्ज किया गया। सोयाबीन और पाम तेल कीमतें भी सुधार दर्शाती बंद हुई।
नयी दिल्ली, पांच नवंबर विदेशी बाजारों में सुधार के रुख के बीच त्यौहारों के मौसम में कारोबारियों के साथ साथ फुटकर मांग बढ़ने से दिल्ली तेल तिलहन बाजार में बृहस्पतिवार को सरसों, मूंगफली सहित सभी तेल तिलहन कीमतों में सुधार दर्ज किया गया। सोयाबीन और पाम तेल कीमतें भी सुधार दर्शाती बंद हुई।
बाजार सूत्रों ने कहा कि सर्दी का मौसम शुरु होने के साथ सरसों के अलावा मूंगफली, सोयाबीन की मांग के साथ पाम एवं पामोलीन की व्यावसायिक मांग बढ़ी है। सोयाबीन डीगम के अलावा कच्चे पाम और पामोलीन में इस मांग वृद्धि का कारण बाकी देशी तेलों के मुकाबले इनका काफी सस्ता होना है।
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उन्होंने कहा कि मलेशिया एक्सचेंज में बृहस्पतिवार को 3.5 प्रतिशत की तेजी रही जिससे पाम और पामोलीन के भाव में पर्याप्त सुधार दर्ज किया गया। त्यौहारों के चलते इसकी व्यावसायिक मांग भी बढ़ी है।
गुजरात के राजकोट की मंडियों में कल 20,000 बोरी मूंगफली की आवक हुई थी जो बृहस्पतिवार को घटकर 6,000 बोरी रह गई। जाड़े के मौसम में भुनी मूंगफली की मांग भी अधिक रहती है। मांग बढ़ने और बाजार में आव़क कम रहने से मूंगफली तेल तिलहन कीमतों में सुधार दर्ज किया गया।
त्यौहारों के मौसम में विशेषकर उत्तर भारत में सरसों की, उसमें भी विशेषकर कच्ची घानी तेल की अच्छी मांग है। मांग ज्यादा होने से सरसों दाना सहित इसके तेल में भी सुधार देखने को मिला।
सूत्रों ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के कार्यकाल में पॉम तेल आयात पर शुल्क 80 प्रतिशत तक कर दिया गया था लेकिन आज यह काफी कम है। ‘‘आज देश को तिलहन उत्पादन में आत्मनिर्भर बनाने के लिए देशी तेलों को अपनाने की ओर ध्यान देना चाहिये।’’ हमें ‘‘देशी तेल का इस्तेमाल बढ़ाओ’’ का मंत्र तिलहन आत्मनिर्भरता के रास्ते पर मजबूती से आगे बढ़ा सकता है।
तेल-तिलहन बाजार में थोक भाव इस प्रकार रहे- (भाव- रुपये प्रति क्विंटल)
सरसों तिलहन - 6,250 - 6,300 (42 प्रतिशत कंडीशन का भाव) रुपये।
मूंगफली दाना - 5,275- 5,325 रुपये।
मूंगफली तेल मिल डिलिवरी (गुजरात)- 13,250 रुपये।
मूंगफली साल्वेंट रिफाइंड तेल 2,055 - 2,115 रुपये प्रति टिन।
सरसों तेल दादरी- 12,400 रुपये प्रति क्विंटल।
सरसों पक्की घानी- 1,880 - 2,030 रुपये प्रति टिन।
सरसों कच्ची घानी- 2,000 - 2,110 रुपये प्रति टिन।
तिल मिल डिलिवरी तेल- 11,000 - 15,000 रुपये।
सोयाबीन तेल मिल डिलिवरी दिल्ली- 10,750 रुपये।
सोयाबीन मिल डिलिवरी इंदौर- 10,500 रुपये।
सोयाबीन तेल डीगम- 9,600 रुपये।
सीपीओ एक्स-कांडला- 8,650 रुपये।
बिनौला मिल डिलिवरी (हरियाणा)- 9,400 रुपये।
पामोलीन आरबीडी दिल्ली- 10,000 रुपये।
पामोलीन कांडला- 9,200 रुपये (बिना जीएसटी के)।
सोयाबीन तिलहन मिल डिलिवरी भाव 4,385 - 4,435 लूज में 4,255 -- 4,285 रुपये।
मक्का खल (सरिस्का) - 3,500 रुपये
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(The above story first appeared on LatestLY on Nov 05, 2020 07:59 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

