देश की खबरें | पवार के खिलाफ फडणवीस के आरोप निराधार : राकांपा

मुंबई, 15 अप्रैल राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी ने अपने अध्यक्ष शरद पवार के खिलाफ भारतीय जनता पार्टी के नेता देवेंद्र फडणवीस द्वारा लगाए गए विभिन्न आरोपों को शुक्रवार को "निराधार और सनक" करार दिया। इसके साथ ही पार्टी ने दावा किया कि महाराष्ट्र में सत्तारूढ़ महागठबंधन घटक के "सबसे पसंदीदा पार्टी" के रूप में उभरने से उपजी "हताशा" के कारण ऐसे आरोप लगाए गए हैं।

एक दिन पहले, फडणवीस ने फिल्म ‘द कश्मीर फाइल्स’, 1993 मुंबई श्रृंखलाबद्ध बम विस्फोट और इशरत जहां मामले समेत अनेक मुद्दों पर पवार के बयानों को लेकर उन पर सीधा हमला बोलते हुए आरोप लगाया था कि पवार की पार्टी तुष्टीकरण की राजनीति में लगी है और सांप्रदायिक आधार पर समाज का ध्रुवीकरण कर रही है।

बाबासाहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर की जयंती के मौके पर 14 ट्वीट करके फडणवीस ने पवार पर भारतीय संविधान के रचयिता की इच्छाओं और मूल्यों के विपरीत काम करने का आरोप लगाया। फडणवीस ने आरोप लगाया कि पवार ने सबसे पहले ‘हिंदू आतंकवाद’ शब्द का उपयोग किया था।

राकांपा की राज्य इकाई के मुख्य प्रवक्ता महेश तापसे ने एक बयान में कहा, “फडणवीस जी ने पवार साहब पर निराधार और सनकी आरोप लगाए हैं। भाजपा ने महसूस कर लिया है कि महाराष्ट्र में सबसे पसंदीदा पार्टी के रूप में राकांपा की प्रगति को रोक पाना अब असंभव है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘इसलिए, राकांपा को सांप्रदायिक बताकर तथा हताशा में पवार साहब को निशाना बनाकर, फडणवीस सांप्रदायिक रंग भरने करने की कोशिश कर रहे हैं।’’

तापसे ने विधानसभा में विपक्ष के नेता पर निशाना साधते हुए कहा कि महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना प्रमुख राज ठाकरे ने पवार पर निशाना साधते हुए फडणवीस के समान ही बयान दिया था। उन्होंने कहा, ‘‘वे हमें संख्या और विकास कार्यों में पीछे नहीं छोड़ सकते। इसलिए भाजपा की नयी रणनीति राकांपा को सांप्रदायिक बताना है।’’

उन्होंने कहा कि पवार ने सबसे वंचित समूहों को मुख्यधारा में लाने के लिए 'अथक' प्रयास किए हैं और राकांपा प्रमुख के लिए जाति, पंथ और धर्म 'महत्वहीन' हैं।

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