देश की खबरें | प्रवर्तन निदेशालय ने एनएससीएन (के) नेता की पत्नी की चार करोड़ रुपये की सम्पत्ति कुर्क की
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नयी दिल्ली, 16 अक्टूबर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शुक्रवार को कहा कि उसने प्रतिबंधित उग्रवादी संगठन एनएससीएन (के) के एक नेता की पत्नी की चार करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति आतंकी वित्तपोषण से जुड़े धनशोधन के एक मामले में कुर्क की है।
केंद्रीय जांच एजेंसी ने एक बयान में कहा कि कुर्क की गई 4.23 करोड़ रुपये की सम्पत्ति आवासीय मकान, एक वाहन और बैंक खातों में जमा राशि के रूप में है और यह एनएससीएन (के) नेता निक्की सुमी की पत्नी शेली एन सुमी की है।
एजेंसी ने कहा कि एनएससीएन (के) अपने संगठनों एवं मुखौटा संगठनों के साथ एक प्रतिबंधित उग्रवादी संगठन है जो अवैध गतिविधियों में शामिल है तथा इस तरह से भारत की एकता, अखंडता और सुरक्षा को खतरा उत्पन्न करता है।
शेली एन सुमी और उसके सहयोगियों को अर्धसैनिक बल असम राइफल्स के सुरक्षाबलों ने नागालैंड में कारोंग गांव के पास सात अप्रैल 2017 को रोका था, जब वे बस में दीमापुर से इम्फाल की यात्रा कर रहे थे।
एजेंसियों द्वारा यह आरोप लगाया गया था कि शेली एन सुमी अपने पति को लगभग 18.47 लाख रुपये नकद सौंपने के लिए म्यांमार की यात्रा कर रही थी।
राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने शेली को रोके जाने के बाद मामले की जांच संभाली और बाद में ईडी ने शेली एन सुमी और अन्य के खिलाफ धनशोधन एवं आतंकी वित्तपोषण का एक आपराधिक मामला दर्ज किया।
एनआईए ने शेली एन सुमी के ठिकानों पर की गई छापेमारी में 27.90 लाख रुपये से अधिक की नकदी बरामद की।
ईडी ने कहा कि उसने अपनी जांच में पाया, ‘‘एनएससीएन (के) जो कि नेशनल सोशलिस्ट काउंसिल ऑफ नागालैंड (खापलांग) है, एक प्रतिबंधित उग्रवादी संगठन है, जो सरकारी कर्मचारियों, व्यापारियों से जबरन वसूली और अवैध तरीकों से धन इकट्ठा करने में लिप्त है और सुमी और उसके सहयोगी भारत-म्यांमार सीमा के जरिये एनएससीएन (के) को धन हस्तांतरित करने के लिए आपराधिक साजिश में शामिल थे।’’
उसने कहा, ‘‘सुमी एक सरकारी कर्मचारी है जो नागालैंड के लोक निर्माण विभाग में अनुभागीय सहायक के रूप में कार्यरत है और उसे लगभग 28,000 रुपये का मासिक वेतन मिलता है जो सात व्यक्तियों (सुमी और उसके छह बच्चों) के परिवार की एकमात्र कानूनी आय है।’’
एजेंसी ने कहा, ‘‘सुमी, उसके परिवार के सदस्यों और सहयोगियों के स्वामित्व वाली संपत्तियों का ब्योरा सामने आया और यह पाया गया उनके पास नागालैंड के दीमापुर में एक महलनुमा घर के रूप में बड़ी संपत्ति है, जिसकी कीमत 3.6 करोड़ रुपये है, एक स्कॉर्पियो वाहन, जुनहेबोतो में एक घर और परिवार के सदस्यों के नाम पर बैंक में जमा राशि है।’’
एजेंसी ने कहा कि शेली एन सुमी और उसके बच्चों के नाम बनाई गई संपत्ति ‘‘आय के किसी उचित स्रोत के बिना और उग्रवादी गतिविधियों द्वारा अवैध रूप से जुटायी गई राशि से अर्जित की गई।’’
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