देश की खबरें | केवल जनसंख्या के आधार पर संसदीय सीट का निर्धारण न करें, दक्षिण को दंड न दें: स्टालिन
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम के स्टालिन ने केंद्र से अपील की कि वह केवल जनसंख्या के आधार पर संसदीय क्षेत्रों का निर्धारण करके दक्षिणी राज्यों को ‘दंडित’ न करे।
चेन्नई, 28 फरवरी तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम के स्टालिन ने केंद्र से अपील की कि वह केवल जनसंख्या के आधार पर संसदीय क्षेत्रों का निर्धारण करके दक्षिणी राज्यों को ‘दंडित’ न करे।
स्टालिन ने साथ ही चेतावनी दी कि इस तरह के प्रयास का विरोध किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि अगर संसदीय क्षेत्र परिसीमन प्रक्रिया के जरिए राज्य के साथ ऐसा अन्याय किया गया तो तमिलनाडु और द्रविड मुनेत्र कषगम (द्रमुक) इसे स्वीकार नहीं करेंगे।
द्रमुक के अध्यक्ष स्टालिन ने एक वीडियो संदेश में कहा, ‘‘हमारी मांग स्पष्ट है - केवल जनसंख्या के आधार पर संसदीय क्षेत्रों का निर्धारण न करें। जनसंख्या वृद्धि को नियंत्रित करने के लिए जिम्मेदारी भरे कदम उठाने वाले दक्षिणी राज्यों को दंडित न करें।’’
उन्होंने अपने 72वें जन्मदिन की पूर्व संध्या पर कहा कि अगर ऐसा ‘‘अन्याय’’ किया गया तो तमिलनाडु और द्रमुक इसे कभी स्वीकार नहीं करेंगे।
स्टालिन ने पार्टी कार्यकर्ताओं से अपील करते हुए कहा, ‘‘हमें यह संकल्प लेना चाहिए कि हम तमिलनाडु के कल्याण और भविष्य के साथ कभी समझौता नहीं करेंगे। हमें अपने राज्य के अधिकारों के लिए एकजुट होकर लड़ना चाहिए। तमिलनाडु इसका विरोध करेगा और जीतेगा।’’
उन्होंने कहा, ‘‘आम तौर पर मैं अपना जन्मदिन धूमधाम से या दिखावटी तरीके से नहीं मनाता लेकिन मेरी पार्टी के कार्यकर्ता लोगों को कल्याणकारी सहायता वितरित करने, हमारी सरकार की उपलब्धियों को उजागर करने के लिए सभाएं करने एवं हमारी पार्टी के आदर्शों का प्रचार करने जैसी गतिविधियां करते हैं।’’
उन्होंने इस बार अपने जन्मदिन पर राज्य के सामने खड़ी दो महत्वपूर्ण चुनौतियों की याद दिलाते हुए कहा, ‘‘, जो हमारी जीवन रेखा है उसके लिए लड़ाई और परिसीमन के खिलाफ लड़ाई ...।’’
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