जरुरी जानकारी | कोविड की दवा,वैक्सीन के व्यापार पर बौद्धिक संपादा अधिकार में ढील पर डबल्यूटीओ में चर्चा

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नयी दिल्ली, 20 अक्टूबर विश्व व्यापार संगठन (डब्ल्यूटीओ) के 40 सदस्यों ने कोविड-19 महामारी को फैलने से रोकने के इरादे से बौद्धिक संपदा के कुछ प्रावधानों में छूट देने के भारत और दक्षिण अफ्रीका के प्रस्ताव पर चर्चा की है।

इस महीने की शुरूआत में भारत और दक्षिण अफ्रीका ने कोविड-19 को फैलने से रोकने या उसके इलाज के संदर्भ में बौद्धिक संपदा अधिकारों से संबद्ध व्यापार संबंधित पहलुओं (ट्रिप्स) से जुड़े समझौतो के कुछ प्रावधानों के क्रियान्वयन, उपयोग और उसे लागू करने के मामले में डब्ल्यूटीओं के सभी सदस्यों के लिये छूट देने का प्रस्ताव पेश किया था।

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ट्रिप्स समझौता 1995 में अमल में आया। यह कॉपीराइट, औद्योगिक डिजाइन, पेटेंट और अघोषित सूचना या व्यापार गोपनीयता के संरक्षण जैसे बौद्धिक संपदा अधिकारों को लेकर एक बहुपक्षीय समझौता है।

डब्ल्यूटीओ के मंगलवार को जारी बयान के अनुसार प्रस्ताव के तहत यह दलील दी गयी कि छूट से टीके और दवाओं समेत सस्ते चिकित्सा उत्पादों की समय पर पहुंच को लेकर बाधाएं दूर होंगी।

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इसमें कहा गया है, ‘‘ट्रिप्स परिषद की 15-16 अक्टूबर, 2020 को हुई बैठक में डब्ल्यूटीओ के सदस्यों ने इस बात पर चर्चा की कि कोविड-19 महामारी से निपटने के लिये वैश्विक बौद्धिक संपदा (आईपी) प्रणाली का कैसे बेहतर उपयोग किया जा सकता है।’’

बयान के अनुसार 40 सदस्य देश भारत और दक्षिण अफ्रीका के ट्रिप्स से जुड़े कुछ प्रावधानों में रियायत देने के प्रस्ताव पर गहन चर्चा में शामिल हुए।

डब्ल्यूटीओ ने यह भी कहा कि कई विकासशील देश और अल्प-विकसित देशों ने प्रस्ताव का स्वागत किया, पर कई अन्य अभी इसका अध्ययन कर रहे हैं और कुछ बिंदुओं खासकर इसमें छूट को लेकर व्यवहारिक क्रियान्वयन तथा संभावित आर्थिक एवं कानूनी प्रभाव पर स्पष्टीकरण मांगा है।

बयान में कहा गया है, ‘‘कई विकासशील और विकसित देशों के सदस्यों ने छूट प्रस्ताव का विरोध किया। उन्होंने कहा कि ऐसा काई संकेत नहीं है कि जिससे यह पता चले कि बौद्धिक संपदा अधिकार कोविड-19 संबंधित दवाओं और प्रौद्योगिकी के मामले में वाकई में बाधा है।’’

परिषद के अध्यक्ष दक्षिण अफ्रीका के राजदूत जोलेलवा म्लुम्बी-पीटर ने कहा कि मामला अभी लंबित है, क्योंकि कई सदस्य अभी इस प्रस्ताव पर विचार कर रहे हैं। परिषद की इस मामले में जल्दी ही एक और बैठक होगी।’’

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