एजेंसी न्यूज

देश की खबरें | श्रद्धालुओं को कॉरिडोर से प्रयागराज की झांकी देखने को मिलेगी : योगी

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महाकुंभ मेले की तैयारियों का जायजा लेने के बाद सोमवार को कहा कि महाकुंभ मेले में आने वाले श्रद्धालुओं को संगम का सानिध्य तो हासिल होगा ही, उन्हें पहली बार कॉरिडोर के माध्यम से प्रयागराज की झांकी देखने को भी मिलेगी।

देश की खबरें | श्रद्धालुओं को कॉरिडोर से प्रयागराज की झांकी देखने को मिलेगी : योगी

महाकुंभनगर, 23 दिसंबर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महाकुंभ मेले की तैयारियों का जायजा लेने के बाद सोमवार को कहा कि महाकुंभ मेले में आने वाले श्रद्धालुओं को संगम का सानिध्य तो हासिल होगा ही, उन्हें पहली बार कॉरिडोर के माध्यम से प्रयागराज की झांकी देखने को भी मिलेगी।

महाकुंभनगर में संवाददाताओं को संबोधित करते हुए योगी ने कहा, “अक्षयवट कॉरिडोर का प्रधानमंत्री के कर कमलों से उद्घाटन हो चुका है। श्रद्धालुओं को लेटे हुए हनुमान जी कॉरिडोर को भी पहली बार देखने का मौका मिलेगा। इसके साथ ही सरस्वती कूप कॉरिडोर, पाताल कूप कॉरिडोर, महर्षि भरद्वाज कॉरिडोर और शृंगवेरपुर में भगवान राम और निषादराज कॉरिडोर का काम पूरा हो चुका है।”

उन्होंने कहा, “टेंट सिटी का निर्माण कार्य युद्ध स्तर पर हो रहा है। प्रयागराज मेला प्राधिकरण 20,000 श्रद्धालुओं और 5,000 विशिष्ट जनों के लिए टेंटे का निर्माण कर रहा है।”

मुख्यमंत्री ने कहा, “20,000 से अधिक संतों, संगठनों और अन्य संस्थाओं का पंजीकरण करते हुए उन्हें भूमि आवंटन कर दिया गया है। इसमें सभी 13 अखाड़े, दंडी बाड़ा और आचार्य बाड़ा के साथ प्रयागवाल सभा शामिल हैं।”

उन्होंने कहा, “नयी संस्थाओं को हर हाल में पांच जनवरी तक भूमि आवंटित करने का लक्ष्य है। भूमि और सुविधाओं के लिए प्रदेश सरकार ने पर्याप्त व्यवस्था की है। मेला क्षेत्र में 250 ‘साइनेज’ (मार्ग सूचक), जबकि शहर में 651 स्थानों पर ‘साइनेज’ लगाए जा चुके हैं।”

मुख्यमंत्री ने कहा कि पहली बार पांटून पुल की संख्या 22 से बढ़ाकर 30 की गई है, जिसमें से 20 पांटून पुल पूरी तरह से तैयार हैं, जबकि बाकी का निर्माण कार्य 30 दिसंबर तक पूरा कर लिया जाएगा।

उन्होंने बताया कि मेला क्षेत्र में 651 किलोमीटर क्षेत्र में ‘चकर्ड प्लेट’ बिछनी है, जिसमें से अब तक 330 किलोमीटर क्षेत्र में यह बिछाई जा चुकी है।

योगी ने कहा, “यहां गंगा जल शुद्ध है और स्नान एवं आचमन के लायक है। मलजल, उद्योगों का अपशिष्ट कहीं भी नदी में न गिरे, इसके लिए जगह-जगह एसटीपी (मलजल शोधन यंत्र) तो चालू हैं, साथ ही जियो ट्यूब और बायो रेमेडीज के माध्यम से जल के शुद्धिकरण के कार्यक्रम को सुनिश्चित किया गया है।”

उन्होंने कहा, “मेला क्षेत्र में 24 घंटे बिजली आपूर्ति के लिए 400 केवी के 85 उप केंद्र में से 77 स्थापित किए जा चुके हैं। वहीं, 250 केवी के 14 उप केंद्र में से 12, जबकि 100 केवी के 128 उप केंद्र में से 94 स्थापित किए जा चुके हैं।”

मुख्यमंत्री ने कहा, “मेला क्षेत्र में लगभग 48,000 एलईडी लाइट लगाई गई हैं। मेले में पहली बार गंगा का रिवर फ्रंट और पक्के घाट देखने को मिलेंगे। इसी तरह, जेटी के निर्माण का कार्य भी युद्ध स्तर पर हो रहा है। स्वास्थ्य विभाग ने 100 बिस्तर का एक अस्थायी अस्पताल स्थापित किया है।”

योगी ने प्रयागराज दौरे में अरैल में बन रही टेंट सिटी और सर्किट हाउस का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों से इन सुविधाओं के बारे में जानकारी ली।

मुख्यमंत्री ने दशाश्वमेध घाट पर पूजन किया और फिर एकीकृत कमांड एवं नियंत्रण केंद्र में अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। उन्होंने एसआरएन अस्पताल का भी निरीक्षण किया।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

(The above story first appeared on LatestLY on Dec 23, 2024 07:16 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).