देश की खबरें | जैव प्रौद्योगिकी विभाग ने 50 अनुसंधानकर्ताओं को एम. के. भान फेलोशिप प्रदान की

नयी दिल्ली, पांच अगस्त जैव प्रौद्योगिकी विभाग ने बृहस्पतिवार को प्रथम ‘एम. के. भान फेलोशिप-यंग रिसर्चर फेलोशिप’ कार्यक्रम के परिणामों की घोषणा की। एक बयान में यह जानकारी दी गई।

बयान के मुताबिक जैव प्रौद्योगिकी विभाग (डीबीटी) के ईप्रोएमआईएस पोर्टल के जरिए फेलोशिप के लिए कुल 358 आवेदन प्राप्त हुए थे,जिनमें से 50 अनुसंधानकर्ताओं का चयन किया गया।

विभाग ने यह कार्यक्रम 35 साल से कम आयु के युवा मेधावी अनुसंधानकर्ताओं को जीवन विज्ञान/जैव प्रौद्योगिकी/ संबद्ध क्षेत्रों की किसी भी शाखा में पीएचडी करने के बाद देश में अपना अनुसंधान जारी रखने के लिए प्रोत्साहित करने को लेकर शुरू किया था।

फेलोशिप की शुरूआत प्रख्यात वैज्ञानिक एवं विभाग के पूर्व सचिव एम.के. भान के सम्मान में की गई है।

फेलोशिप के तहत अनुसंधान करने के लिए अनुदान राशि के साथ-साथ 75,000 रुपये का मासिक मेहनताना भी दिया जाता है।

जैव प्रौद्यागिकी विभाग की सचिव रेणु स्वरूप ने कहा, ‘‘युवाओं के बीच भारत में अपना अनुसंधान करने का उत्साह देख कर हमे अपार खुशी हो रही है। यह फेलोशिप एम. के. भान, पूर्व सचिव डीबीटी, को एक श्रद्धांजलि है जिन्होंने भविष्य की पीढ़ी को प्रोत्साहित किया और उनका मार्गदर्शन किया।’’

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