देश की खबरें | दिल्ली में जलापूर्ति व्यवस्था को बनाएंगे विकसित देशों की तरह बेहतरीन, निजीकरण नहीं होगा: केजरीवाल

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एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 26 सितंबर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली वासियों को शहर में जलापूर्ति का निजीकरण नहीं किये जाने का विश्वास दिलाते हुए शनिवार को कहा कि ‘आप’ सरकार यहां जलापूर्ति व्यवस्था को विकसित देशों की तरह बेहतरीन बनाएगी। साथ ही, बेहतर जल प्रबंधन के लिए एक सलाहकार नियुक्त किया जाएगा, ताकि पानी की एक बूंद भी बर्बाद नहीं हो।

केजरीवाल ने कहा कि सरकार आगामी पांच साल में चौबीस घंटे जलापूर्ति सुनिश्चित करेगी। उन्होंने इन आरोपों को खारिज कर दिया कि राष्ट्रीय राजधानी में जलापूर्ति का निजीकरण किया जा रहा है।

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मुख्यमंत्री ने एक डिजिटल संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘जलापूर्ति का निजीकरण नहीं किया जा सकता। ऐसा कभी नहीं हो सकता। मैं आपको इसका भरोसा दिलाता हूं।’’

केजरीवाल ने कहा कि विकसित देशों की राजधानियों में चौबीसों घंटे पर्याप्त प्रवाह के साथ जल उपलब्ध रहता है।

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उन्होंने कहा, ‘‘हम दिल्ली में इसे संभव बनाएंगे। शहर में जलापूर्ति विकसित देशों की तरह ही बेहतरीन होगी।’’

उन्होंने कहा, ‘‘यदि आप अन्य देशों की राजधानियों--लंदन, तोक्यो, पेरिस आदि-- में जाएंगे तो देखेंगे कि चौबीसों घंटे नल से स्वच्छ जल आ रहा है। दिल्ली में जल का प्रेशर (प्रवाह) कम है, इसलिए लोग पंप (मोटर) लगाते हैं। ’’

मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘और यदि कोई व्यक्ति पंप लगाता है तो यह उसके पड़ोसियों के लिये समस्या पैदा करता है। हर घर को पानी का भंडारण करने के लिये टैंक रखना पड़ता है। हमें इन सब चीजों को खत्म करना होगा। ’’

मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली में काफी पानी बर्बाद हो जाता हैं।

उन्होंने कहा कि दिल्ली जल बोर्ड शहर में प्रतिदिन 93 करोड़ गैलन जल उपलब्ध कराता है, यानी प्रति व्यक्ति 176 लीटर जल मुहैया कराया जाता है, जिसमें से काफी पानी चोरी या लीक हो जाता है।

केजरीवाल ने कहा कि पानी की हर बूंद के लिए जवाबदेही तय की जानी चाहिए और कोई बर्बादी नहीं होनी चाहिए।

उन्होंने कहा, ‘‘हम एक सलाहकार नियुक्त कर रहे हैं, जो हमें बताएगा कि हमें जलापूर्ति प्रबंधन में सुधार कैसे करना है। वह सुनिश्चित करने में मदद करेगा कि पानी की एक बूंद भी बर्बाद नहीं हो। हमने चौबीसों घंटे जलापूर्ति मुहैया कराने की दिशा में चलना शुरू कर दिया है।’’

केजरीवाल ने कहा, ‘‘सलाहकार हमें एससीएडीए प्रणाली समेत अत्याधुनिक तकनीक के बारे में बताएगा, जिनकी मदद से केंद्रीय नियंत्रण कक्ष से जलापूर्ति का प्रबंधन किया जा सकता है।’’

मुख्यमंत्री ने संवाददाताओं को बताया कि उनकी सरकार दिल्ली में जलापूर्ति बढ़ाने के लिए काम कर रही है।

उन्होंने कहा, ‘‘हम दिल्ली में जलापूर्ति बढ़ाने की दिशा में काम कर रहे हैं। हम इसके लिए उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और उन अन्य राज्यों से बातचीत कर रहे हैं, जिनके पास अधिक जल है।’’

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