जरुरी जानकारी | नीतिगत दर यथावत रखने का निर्णय आवास लक्ष्यों को पूरा करने में मददगार: रियल एस्टेट
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. जमीन-जायदाद के विकास से जुड़े संगठनों और कंपनियों ने कहा है कि भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के लगातार चौथी बार नीतिगत दर रेपो को 6.5 प्रतिशत पर बरकरार रखने के निर्णय से बाजार में नकदी सुनिश्चित होगी और यह आवास लक्ष्यों को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
नयी दिल्ली, छह अक्टूबर जमीन-जायदाद के विकास से जुड़े संगठनों और कंपनियों ने कहा है कि भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के लगातार चौथी बार नीतिगत दर रेपो को 6.5 प्रतिशत पर बरकरार रखने के निर्णय से बाजार में नकदी सुनिश्चित होगी और यह आवास लक्ष्यों को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
उनका यह भी कहना है कि त्योहारों को देखते हुए ब्याज दर में स्थिरता से उन कंपनियों को राहत मिलेगी जो जटिल आर्थिक परिदृश्य से जूझ रहे हैं।
रियल एस्टेट क्षेत्र का प्रमुख निकाय नारेडको (नेशनल रियल एस्टेट डेवलपमेंट काउंसिल) के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजन बांदेलकर ने कहा, “हम रेपो दर को अपरिवर्तित रखने के भारतीय रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति समिति के फैसले का स्वागत करते हैं। इस कदम से सभी को फायदा होगा और बाजार में नकदी सुनिश्चित होगी।’’
उन्होंने कहा, ‘‘ इसके साथ ही यह आवास लक्ष्यों को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। त्योहारों को देखते हुए ब्याज दरों में स्थिरता से उन कंपनियों को भी राहत मिलेगी जो जटिल आर्थिक परिदृश्य से जूझ रहे हैं।’’
गौड़ ग्रुप के चेयरमैन और प्रबंध निदेशक एवं निजी रियल एस्टेट कंपनियों का शीर्ष संगठन क्रेडाई के चेयरमैन मनोज गौड़ ने कहा, ‘‘ भले ही रियल एस्टेट क्षेत्र को उम्मीद थी कि रेपो रेट में कटौती होगी लेकिन आरबीआई का नीतिगत दर को बरकरार रखना एक प्रशंसनीय कदम है। त्योहार पास हैं और उपभोक्ता घर खरीदने की ओर देख रहे हैं। ऐसे में इस क्षेत्र का प्रदर्शन अच्छा बना रहेगा।’’
उन्होंने कहा, ‘‘ हालांकि, मौजूदा रेपो दर अब भी सर्वकालिक उच्चतम स्तर पर है। इसलिए, हमें उम्मीद है कि आरबीआई मुद्रास्फीति पर अंकुश लगाने के अपने इरादे में सफल होगा और हम रेपो रेट में कटौती देख सकते हैं।’’
नारेडको के राष्ट्रीय वाइस चेयरमैन निरंजन हीरानंदानी ने भी नीतिगत दर को यथावत रखने की सराहना की और कहा, ‘‘ नीतिगत दर को 6.5 प्रतिशत पर रखना आर्थिक वृद्धि में तेजी को बनाए रखते हुए मुद्रास्फीति को नियंत्रण में रखने के महत्व को दर्शाता है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘ त्योहारों के दौरान आवास ऋण की मांग में उछाल रहने की उम्मीद है, जो मजबूत आवास बिक्री वृद्धि का संकेत देता है। ’’
रियल एस्टेट के बारे में परामर्श देने वाली नाइट फ्रैंक इंडिया के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक शिशिर बैजल ने कहा, ‘‘ हम लगातार चौथी बार रेपो रेट में रोक जारी रखने के भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के फैसले का स्वागत करते हैं। कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और रुपये के मूल्यह्रास से उत्पन्न मुद्रास्फीति के दबाव के बावजूद रेपो दर को बरकरार रखना बहुत जरूरी था।’’
उन्होंने कहा, ‘‘ इस फैसले से भारत में आवास की मांग की मौजूदा गति कायम रहेगी।’’
इमामी रियल्टी के प्रबंध निदेशक डॉ. नितेश कुमार ने कहा, ‘‘ वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता, असमान मानसून और बढ़ती वैश्विक कच्चे तेल की कीमतों के बावजूद आरबीआई के कदम से डेवलपर्स, घर खरीदने वालों और वित्तीय संस्थानों सहित सभी संबद्ध पक्षों को लाभ होगा और आगामी त्योहारी सीजन में घर खरीदने के प्रति धारणा को बढ़ावा मिलेगा।’’
त्रेहान ग्रुप के प्रबंध निदेशक सारांश त्रेहान ने कहा, ‘‘ आरबीआई का निर्णय भारतीय अर्थव्यवस्था को प्रभावित करने वाली मुद्रास्फीति की चुनौतियों से लड़ने के लिए उसकी दृढ़ प्रतिबद्धता को दर्शाता है। मुद्रास्फीति जैसे आर्थिक गतिरोध से निपटने के लिए आरबीआई का केंद्रित दृष्टिकोण सराहनीय है। ’’
एक्सिओम लैंडबेस के प्रबंध निदेशक राजेश कुमार सराफ ने कहा, ‘‘ भारतीय रिजर्व बैंक का मौजूदा नीतिगत दर को यथावत रखने से घर खरीदारों को राहत मिलेगी। एक स्थिर ब्याज दर परिवेश बनाए रखने से संभावित खरीदार घर खरीदने की अपनी योजनाओं के साथ आगे बढ़ने को प्रोत्साहित होंगे।
अंसल हाउसिंग के निदेशक कुशाग्र अंसल ने कहा, ‘‘ त्योहार शुरू शुरू होने वाले हैं, ऐसे में नीतिगत दर को मौजूदा स्तर पर बनाए रखने का भारतीय रिजर्व बैंक का फैसला सराहनीय है। यह घर खरीदारों और कंपनियों दोनों के लिए राहत की खबर है।’’
रहेजा डेवलपर्स के नयन रहेजा कहा, ‘‘ फैसले से रियल एस्टेट बाजार को प्रोत्साहन मिलेगा। ’’
काउंटी ग्रुप के निदेशक अमित मोदी ने कहा, ‘‘ नीतिगत दर में किसी तरह का कोई बदलाव नहीं किया जाना आरबीआई का एक सराहनीय कदम है क्योंकि इससे पहले से ही बढ़ते रियल एस्टेट उद्योग को बढ़ावा मिलेगा... स्थिर ब्याज दर लेनदेन में उनकी भागीदारी को प्रोत्साहित करेंगी। ’’
एसकेए ग्रुप के निदेशक संजय शर्मा ने कहा, ‘‘ नीतिगत दर यथावत रखने से ब्याज दरें स्थिर रहेंगी और रियल एस्टेट क्षेत्र की वृद्धि को गति मिलेगी। देश में महंगाई पहले ही काफी उच्च स्तर पर है, ऐसे में घर खरीदारों और आवास ऋण की मासिक किस्त देने वालों के लिए यह बड़ी राहत है। ’’
मिगसन ग्रुप के निदेशक यश मिगलानी ने कहा, ‘‘ आरबीआई ने चौथी बार रेपो रेट को न बढाते हुए 6.5 प्रतिशत पर यथावत रखने का फैसला किया है। यह आर्थिक परिदृश्य में आरबीआई के भरोसे को दर्शाता है। मासिक किस्त न बढने का सीधा लाभ संभावित घर खरीदारों को होगा। यह आम आदमी और घर खरीदार को राहत देने वाला कदम है।’’
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(The above story first appeared on LatestLY on Oct 06, 2023 02:22 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

