जयपुर, 30 जुलाई राजस्थान उच्च न्यायालय ने बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के टिकट पर चुनाव लड़ने के बाद कांग्रेस में विलय करने वाले छह विधायकों, विधानसभा अध्यक्ष ऑैर विधानसभा के सचिव को बृहस्पतिवार को नोटिस जारी किए।
अदालत ने ये नोटिस विधायकों के कांग्रेस में विलय के खिलाफ बसपा और भाजपा विधायक मदन दिलावर की ओर से दायर रिट याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए जारी किए।
दिलावर के एक वकील ने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘नोटिस विधानसभाध्यक्ष, विधानसभा सचिव और छह विधायकों को जारी किये गए हैं। इन्हें अपने जवाब 11 अगस्त तक दाखिल करने हैं।’’
दिलावर ने अपनी याचिका में विधानसभाध्यक्ष के 24 जुलाई के उस फैसले को चुनौती दी है जिसमें उन्होंने बसपा विधायकों के कांग्रेस में शामिल होने के खिलाफ उनकी शिकायत खारिज कर दी थी।
यह भी पढ़े | मध्य प्रदेश: सरकारी और प्राइवेट स्कूल 31 अगस्त तक रहेंगे बंद, नाम काटने पर होगी कर्रवाई.
न्यायमूर्ति महेंद्र कुमार गोयल की पीठ ने याचिकाओं पर सुनवायी करते हुए ये नोटिस जारी किये। याचिकाओं पर अलग-अलग नोटिस जारी किये गए हैं।
अदालत ने बुधवार को मामले में सुनवाई की थी लेकिन वह अधूरी रह गई थी। बृहस्पतिवार को इसपर आगे की सुनवायी हुई।
मामले की अगली सुनवायी 11 अगस्त को होगी।
बसपा विधायकों के कांग्रेस में विलय से अशोक गहलोत के नेतृत्व वाली राजस्थान सरकार को मजबूती मिली थी, क्योंकि 200 सदस्यीय सदन में सत्तारूढ़ दल के विधायकों की संख्या बढ़कर 107 हो गई थी।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)













QuickLY