कन्नूर (केरल), 10 जुलाई केरल में सत्ताधारी मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) की ओर से समान नागरिक संहिता (यूसीसी) पर आधारित सम्मेल्लन में भाग लेने के लिए दिये गये आमंत्रण को इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (आईयूएलएल) द्वारा स्पष्ट रूप से ठुकराए जाने के कुछ दिनों बाद वरिष्ठ माकपा नेता और वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) के संयोजक ई.पी. जयराजन ने उम्मीद जताई है कि कांग्रेस इस मुद्दे पर वाम दल का सहयोग करेगी, क्योंकि कांग्रेस का रुख ‘नरम हिंदुत्व’ का है।
जयराजन ने 15 जुलाई को कोझिकोड में होने वाले सम्मेलन में माकपा द्वारा कांग्रेस को आमंत्रित नहीं करने को उचित ठहराया और आरोप लगाया कि विपक्षी दल का रुख ‘नरम हिंदुत्व’ वाला है।
एलडीएफ संयोजक ने दावा किया, ‘‘कांग्रेस को उसके ‘नरम हिंदुत्व’ और आरएसएस तथा संघ परिवार के सांप्रदायिक एजेंडे के खिलाफ मजबूत रुख नहीं अपनाने के कारण आमंत्रित नहीं किया गया।’’
उन्होंने कहा कि यदि कांग्रेस नरम हिंदुत्व का रुख छोड़ने और आरएसएस तथा संघ परिवार के एजेंडे का मजबूती से विरोध करने के लिए तैयार है, तो माकपा को उसे (कांग्रेस को) आमंत्रित करने में कोई समस्या नहीं है।
एलडीएफ के संयोजक ने यहां संवाददाताओं से बातचीत में कहा कि आईयूएमएल के कई समर्थकों को लगता है कि कांग्रेस की राह पर चलने की बजाय पार्टी का खुद का एक दृष्टिकोण होना चाहिए।
उन्होंने कहा, ‘‘मैं उम्मीद कर रहा हूं कि यूसीसी के मुद्दे पर वे हमारे प्रयासों में सहयोग करेंगे।’’ उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी ने कभी भी यूसीसी का समर्थन नहीं किया।
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