देश की खबरें | ‘फूड स्टॉल’ मालिक को थप्पड़ मारने का मामला: रैली से पहले मनसे नेता हिरासत में
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. पुलिस ने मराठी में बात नहीं करने पर एक ‘फूड स्टॉल’ (भोजन बेचने वाली दुकान) मालिक को थप्पड़ मारे जाने की घटना के विरोध में व्यापारियों के प्रदर्शन के जवाब में ठाणे में आयोजित की जाने वाली रैली से पहले महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के नेता अविनाश जाधव को सोमवार देर रात हिरासत में ले लिया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
ठाणे (महाराष्ट्र), आठ जुलाई पुलिस ने मराठी में बात नहीं करने पर एक ‘फूड स्टॉल’ (भोजन बेचने वाली दुकान) मालिक को थप्पड़ मारे जाने की घटना के विरोध में व्यापारियों के प्रदर्शन के जवाब में ठाणे में आयोजित की जाने वाली रैली से पहले महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के नेता अविनाश जाधव को सोमवार देर रात हिरासत में ले लिया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
अधिकारियों ने बताया कि महाराष्ट्र में ठाणे जिले के मीरा भायंदर इलाके में महाराष्ट्र एकीकरण समिति द्वारा मंगलवार को प्रस्तावित रैली के आयोजन की पुलिस ने अनुमति नहीं दी है।
पुलिस ने मनसे की ठाणे और पालघर इकाई के प्रमुख जाधव के मीरा भायंदर इलाके में प्रवेश पर रोक लगाने के आदेश जारी किए। जाधव रैली में भाग लेने वाले थे।
ठाणे पुलिस नियंत्रण कक्ष के एक अधिकारी ने बताया कि जाधव को ठाणे में उनके आवास से देर रात करीब साढ़े तीन बजे हिरासत में ले लिया गया।
राज ठाकरे के नेतृत्व वाली मनसे ने जाधव को हिरासत लिए जाने का एक वीडियो सोशल मीडिया पर साझा किया।
अधिकारियों ने बताया कि प्रस्तावित रैली के मद्देनजर मीरा भायंदर इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी गई थी। पुलिस ने इस रैली के आयोजन पर रोक लगा दी है।
पिछले सप्ताह भायंदर इलाके में एक ‘फूड स्टॉल’ मालिक को कुछ मनसे कार्यकर्ताओं ने मराठी में बात न करने पर थप्पड़ मार दिया था।
इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया था। वीडियो में कुछ हमलावरों को मनसे के चिह्न वाले पटके पहने हुए देखा गया था।
पुलिस के एक अधिकारी ने पहले बताया था कि भोजन खरीदते हुए हमलावरों में से एक ने ‘फूड स्टॉल’ के मालिक से मराठी में बात करने को कहा जिस पर उसने आपत्ति जतायी। इससे नाराज होकर आरोपी कार्यकर्ता ‘स्टॉल’ मालिक पर चिल्लाने लगा। उसके साथ कुछ और लोग भी थे और उन्होंने ‘स्टॉल’ मालिक को थप्पड़ मारा।
मनसे के सात सदस्यों को बाद में हिरासत में लिया गया और पुलिस द्वारा उन्हें नोटिस दिए जाने के बाद छोड़ दिया गया। उनके खिलाफ दंगा करने, धमकी देने और हमला करने संबंधी भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया।
भायंदर इलाके के व्यापारियों ने ‘फूड स्टॉल’ मालिक पर हमला करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन किया था।
मीरा भायंदर-वसई विरार (प्रथम जोन) के पुलिस उपायुक्त प्रकाश गायकवाड़ द्वारा सोमवार को जारी निषेधाज्ञा के अनुसार, जाधव को मंगलवार को रैली में भाग लेने के लिए मीरा भायंदर में प्रवेश करने से रोक दिया गया है।
आदेश में कहा गया है कि जाधव के खिलाफ विभिन्न थानों में संज्ञेय अपराधों के 28 मामले दर्ज किए गए हैं।
गायकवाड़ ने आदेश में कहा कि जाधव के भायंदर आने से स्थिति बिगड़ सकती है तथा कानून-व्यवस्था की समस्या उत्पन्न हो सकती है, इसलिए क्षेत्र में उनके प्रवेश पर एक दिन के लिए प्रतिबंध लगा दिया गया है।
गौरतलब है कि मनसे के सदस्य राज्य में वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों और बैंकों में मराठी के उपयोग पर जोर देने की कोशिश कर रहे हैं।
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