मुंबई, 28 मई भाजपा विधायक मंगल प्रभात लोढ़ा ने सोशल मीडिया पर गलत जानकारी फैलाने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ आपराधिक कार्रवाई करने के लिए मुंबई पुलिस द्वारा जारी एक आदेश के खिलाफ बंबई उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया है।
मुंबई भाजपा इकाई के अध्यक्ष लोढा ने मंगलवार को दायर अपनी याचिका में कहा कि पुलिस द्वारा 23 मई को जारी किया गया आदेश दुर्भावनापूर्ण है और इसका उद्देश्य कोविड-19 महामारी की स्थिति में सरकार की निष्क्रियता की आलोचना पर प्रतिबंध लगाना है।
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याचिका में कहा गया है कि यह आदेश मनमाना, अनुचित और नागरिकों के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन है।
पुलिस उपायुक्त (संचालन) द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि सोशल मीडिया पर गलत, फर्जी सूचना फैलाने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
यह आदेश आठ जून तक लागू रहेगा।
यह भी कहा गया है कि किसी भी सोशल मीडिया समूह के एडमिन को समूह में प्रसारित किसी भी गलत सामग्री या गलत संदेशों के प्रसार के लिए व्यक्तिगत रूप से उत्तरदायी माना जाएगा।
याचिका में कहा गया है कि पिछले कुछ हफ्तों में महाराष्ट्र में महामारी स्थिति को सही ढंग से नियंत्रित करने में राज्य सरकार की अक्षमता को उजागर किया गया है। सरकार को लगातार आलोचना का सामना करना पड़ रहा है।
इस आदेश को खारिज करने के लिए दायर याचिका पर शुक्रवार को सुनवाई होने की संभावना है।
याचिका में कहा गया है कि नागरिकों ने अब सोशल मीडिया पर अपनी राय और विचार रखना शुरू कर दिया है।
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