UP Assembly Election 2022: असली हिंदू धर्म को नहीं मानती भाजपा- मुख्यमंत्री ममता बनर्जी
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री एवं तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी ने भाजपा पर झूठ की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि यह पार्टी धर्म को भी उल्टा रूप देती है और वह असली हिंदू धर्म को नहीं मानती. उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी (सपा) का समर्थन कर रही ममता ने मंगलवार को सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के साथ संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस में भाजपा पर कड़े हमले किए.
लखनऊ, आठ फरवरी : पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री एवं तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी ने भाजपा पर झूठ की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि यह पार्टी धर्म को भी उल्टा रूप देती है और वह असली हिंदू धर्म को नहीं मानती. उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी (सपा) का समर्थन कर रही ममता ने मंगलवार को सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के साथ संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस में भाजपा पर कड़े हमले किए. उन्होंने कहा "भाजपा की राजनीति झूठी है. वह धर्म को भी उल्टा रूप देती है. वह असली हिंदू धर्म को नहीं मानती." ममता ने प्रदेश की जनता से अपील करते हुए कहा "भाजपा पूरे हिंदुस्तान के लिए खतरा बन गई है. अगर आप इस खतरे को खत्म करना चाहते हैं तो आपको अपने पैर पर खड़ा होना पड़ेगा. अगर आप सब लोग इकट्ठा हो जाएंगे तो भाजपा हार जाएगी. भाजपा के साथ यहां भी खेला होबे. अगर आप उसे यूपी से हटा दो तो हम उसे देश से हटा देंगे, यह हमारा वादा है." तृणमूल कांग्रेस मुखिया ने कहा "यूपी और बंगाल एक हो जाएंगे और सारे राज्य और पार्टियां मिलकर दिल्ली से भाजपा को हटाएंगे, यह हमारा वादा है."
उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर करारा प्रहार करते हुए कहा "योगी अगर दोबारा आ जाएंगे तो आप लोगों को पूरा खा जाएंगे.... राजनीति के रूप में, अर्थ नीति के रूप में... हर जगह पर. इसको कुछ आता नहीं है, इसलिए इसको जाने दीजिए." ममता ने किसी का नाम लिए बगैर कहा "चुनाव के वक्त कोई संत बन जाता है. चुनाव के समय संत बनने वाला असली संत नहीं होता. असली संत तो 365 दिन जनता के लिए संत बनता है. आज लोग भूखे मर रहे हैं, बेरोजगारी बढ़ रही है, मां-बहनों का सम्मान नहीं है, लोग अगर आंदोलन करते हैं तो उन्हें गोली मार दी जाती है." तृणमूल कांग्रेस अध्यक्ष ने लोगों का आह्वान किया कि जनता को यह तय करना होगा कि वह भाजपा के झूठ पर वोट देगी या फिर जो लोग सबको साथ लेकर काम करेंगे, उन्हें वोट देगी. उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में भाजपा ने दौलत के दम पर जीतने की कोशिश की लेकिन उसका वह दांव उल्टा पड़ गया. उत्तर प्रदेश में भी ऐसा ही होगा और अखिलेश ऐतिहासिक जीत हासिल करेंगे. यह भी पढ़ें : भारतीय रेल के 7 जांबाजों को जीवन रक्षा पदकों से किया जाएगा सम्मानित
ममता ने कहा "भाजपा इतने सालों से केंद्र और उत्तर प्रदेश की सरकार में है. सत्ता में रहने के बावजूद वह गोली चलाती है, बर्बादी करती है, प्रदेश में माता और बहनों की क्या स्थिति है? हाथरस और उन्नाव में क्या हुआ? सीएए और एनआरसी के खिलाफ आंदोलन में कितने लोग मरे थे? लखीमपुर में किसानों को मंत्री के बेटे ने कुचल कर मार डाला. भाजपा पहले उसके लिए माफी मांगे, फिर चुनाव में वोट मांगे." उन्होंने कहा कि कोविड-19 महामारी के दौरान सरकार ने गंगा में लाशें बहा दीं. पश्चिम बंगाल सरकार ने वे शव निकलवा कर संबंधित धार्मिक मान्यता के हिसाब से उनका अंतिम संस्कार कराया. उस वक्त भाजपा के लोग कहां थे? उस वक्त मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी को हराने गए थे. उन्हें उत्तर प्रदेश में महामारी को हराने की फुर्सत नहीं थी. वह पहले इस महामारी में मारे गए लोगों के परिवारों से माफी मांगे उसके बाद वोट. ममता ने कहा "भाजपा नेताओं ने बंगाल में जाकर कहा कि ममता दुर्गा पूजा नहीं करने दे रही हैं. देखिए, कैसा थप्पड़ पड़ा. यूनेस्को ने बंगाल की दुर्गा पूजा को हेरिटेज माना. झूठ बोलने के लिए भाजपा माफी मांगे."
उन्होंने कहा " कोविड-19 महामारी के दौरान कितने प्रवासी मजदूर रास्ते में मर गए. हम वह सब कैसे भूल जाएं. मैं कहना चाहूंगी कि महामारी के दौरान जितने लोगों की मौत हुई है, सीएए और एनआरसी के खिलाफ आंदोलन और किसान आंदोलन में जितने लोगों की मौत हुई है, उन सभी के परिवार के एक-एक सदस्य को रेलवे की नौकरी मिलनी चाहिए. भाजपा इसे अपने चुनाव घोषणापत्र में शामिल करे." पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कहते हैं कि उन्होंने कोविड-19 रोधी वैक्सीन मुफ्त में लगवाई है. सब कुछ उन्होंने ही किया है. मगर सवाल यह है कि क्या उन्होंने वह सब अपनी जेब से किया. वह पैसा तो जनता का ही था. उन्होंने कहा "हमारी पार्टी उत्तर प्रदेश में चुनाव इसलिए नहीं लड़ रही है क्योंकि आज बड़ी लड़ाई है. देश को अगर भाजपा से बचाना है तो हमारे जो भाई इधर संघर्ष कर रहे हैं, उन्हें अखिलेश यादव का पूरी तरह से समर्थन करना है. यह हमारा फर्ज बनता है." ममता ने कहा "आदित्यनाथ कह रहे हैं कि उन्होंने चार लाख करोड़ रुपए का निवेश कराया है. वह रुपया कहां गया? क्या आपने उसे पीएम केयर्स फंड में भेज दिया है, उसका तो ऑडिट भी नहीं होगा.
अगर हम मुख्यमंत्री राहत कोष का पैसा किसी दुखी विद्यार्थी या मां-बहन को देते हैं तो आप सीबीआई को भेज देते हैं और पीएम केयर्स फंड में आपने सरकार के अधिकारियों, कर्मचारियों और विभिन्न संगठनों और कंपनियों से लाखों करोड़ों रुपए लिए लेकिन उसका ऑडिट नहीं किया जाएगा. किसी को पता ही नहीं चलेगा कि वह पैसा कहां से आया और कहां गया." सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इस मौके पर कहा कि वह ममता बनर्जी को बधाई देते हैं कि उन्होंने सांप्रदायिक ताकतों को पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में हराया. अखिलेश ने खराब मौसम के कारण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सोमवार को बिजनौर की चुनावी सभा में नहीं आ पाने पर कटाक्ष करते हुए कहा "ममता दीदी कल पश्चिम बंगाल से यहां आ गईं लेकिन दिल्ली के लोग उत्तर प्रदेश नहीं आ पाये. कह दिया कि मौसम खराब है. सच में भाजपा वालों के लिए उत्तर प्रदेश में मौसम खराब है. दीदी के आने से भाजपा के लिए संकट के बादल और भी गहरा गए हैं. इस बार भाजपा का झूठ का जहाज उत्तर प्रदेश में नहीं उतर पाएगा."
उन्होंने कहा कि ममता को देखकर भाजपा को पश्चिम बंगाल की हार याद आ गई होगी. ममता के आने के बाद 10 मार्च को जीत का रसगुल्ला हम सब मिलकर खाएंगे
(The above story first appeared on LatestLY on Feb 08, 2022 04:38 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

