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EPFO Date of Exit Online: पुरानी कंपनी के चक्कर लगाने का झंझट खत्म; कर्मचारी खुद ऑनलाइन अपडेट करें 'डेट ऑफ एग्जिट', जानें आसान प्रक्रिया

नौकरी बदलने या छोड़ने के बाद कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के रिकॉर्ड में 'डेट ऑफ एग्जिट' दर्ज न होने पर कर्मचारियों को पीएफ निकासी और ट्रांसफर में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। ईपीएफओ ने अंशधारकों को पूर्व नियोक्ता (कंपनी) पर निर्भर रहने के बजाय खुद ऑनलाइन एग्जिट डेट मार्क करने की सीधी सुविधा प्रदान की है.

EPFO Date of Exit Online: पुरानी कंपनी के चक्कर लगाने का झंझट खत्म; कर्मचारी खुद ऑनलाइन अपडेट करें 'डेट ऑफ एग्जिट', जानें आसान प्रक्रिया
EPFO Portal (Photo Credits: unifiedportal-mem.epfindia.gov.in)

नई दिल्ली: नौकरी बदलने के बाद अक्सर कर्मचारियों को अपने पुराने भविष्य निधि (PF) खाते से नए खाते में बैलेंस ट्रांसफर करने या राशि निकालने में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है. इसका सबसे बड़ा कारण पूर्व नियोक्ता द्वारा कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) के रिकॉर्ड में सेवा समाप्ति की तिथि यानी 'डेट ऑफ एग्जिट' (Date of Exit) दर्ज न किया जाना होता है.

इस प्रक्रिया को सुगम बनाने के लिए ईपीएफओ ने अंशधारकों को यह अधिकार दिया है कि वे पुरानी कंपनी के चक्कर काटे बिना खुद यूनिफाइड मेंबर पोर्टल पर जाकर अपनी एग्जिट डेट ऑनलाइन अपडेट कर सकते हैं. यह भी पढ़ें: EPFO Death Claim Online: कर्मचारी की मृत्यु के बाद नॉमिनी कैसे करें PF, पेंशन और बीमा क्लेम? जानें जरूरी दस्तावेज और ऑनलाइन प्रक्रिया

ऑनलाइन एग्जिट डेट अपडेट करने के लिए जरूरी शर्तें

पोर्टल पर प्रक्रिया शुरू करने से पहले कर्मचारियों को यह सुनिश्चित करना होगा कि उनकी प्रोफाइल में निम्नलिखित आवश्यकताएं पूरी हैं:

  • सक्रिय UAN: कर्मचारी का 12 अंकों का यूनिवर्सल अकाउंट नंबर (UAN) सक्रिय और रजिस्टर्ड होना अनिवार्य है.
  • आधार लिंकेज: पीएफ खाते से आधार विवरण जुड़ा होना चाहिए.
  • ओटीपी सत्यापन: पहचान सत्यापन के लिए आधार के साथ पंजीकृत मोबाइल नंबर चालू होना चाहिए, जिस पर वन-टाइम पासवर्ड (OTP) भेजा जाएगा.
  • 2 महीने की प्रतीक्षा अवधि: पूर्व नियोक्ता द्वारा पीएफ खाते में अंतिम अंशदान (Last Contribution) जमा करने की तिथि से कम से कम 60 दिन (दो महीने) का समय पूरा होना जरूरी है। यदि यह समय पूरा नहीं हुआ है, तो पोर्टल पर 'मार्क एग्जिट' का विकल्प सक्रिय नहीं होगा.

स्टेप-बाय-स्टेप: खुद कैसे दर्ज करें 'डेट ऑफ एग्जिट'?

पात्र अंशधारक नीचे दी गई प्रक्रिया का पालन करके बिना किसी बिचौलिए या कंपनी के हस्तक्षेप के अपनी एग्जिट डेट दर्ज कर सकते हैं:

  1. पोर्टल पर लॉग-इन करें: ईपीएफओ के आधिकारिक एकीकृत सदस्य पोर्टल पर जाएं और अपने UAN, पासवर्ड तथा कैप्चा कोड की सहायता से लॉग-इन करें.
  2. 'मार्क एग्जिट' सेक्शन में जाएं: शीर्ष मेन्यू बार में दिए गए 'Manage' टैब पर क्लिक करें और ड्रॉपडाउन सूची में से 'Mark Exit' का चयन करें.
  3. पीएफ खाते का चयन करें: उस पूर्व प्रतिष्ठान (Establishment ID / PF Account) को चुनें, जिसके लिए नौकरी छोड़ने की तिथि दर्ज करनी है.
  4. अंतिम कार्यदिवस और कारण दर्ज करें: अपना अंतिम कार्यदिवस (Date of Exit) चुनें और सेवा समाप्ति का उपयुक्त कारण (जैसे Cessation/Short Service) सेलेक्ट करें.
  5. ओटीपी प्रमाणीकरण: इसके बाद 'Request OTP' पर क्लिक करें. पंजीकृत मोबाइल नंबर पर आए ओटीपी को दर्ज करें और सहमति बॉक्स को टिक करें.
  6. अंतिम सबमिशन: 'Update' बटन पर क्लिक कर प्रक्रिया पूरी करें. सबमिट होने के कुछ ही समय बाद यह विवरण आपके 'Service History' सेक्शन में प्रदर्शित होने लगेगा.

सावधानी: एक बार दर्ज होने पर दोबारा संशोधन संभव नहीं

ईपीएफओ के दिशा-निर्देशों के अनुसार, ऑनलाइन पोर्टल पर एक बार 'डेट ऑफ एग्जिट' सबमिट हो जाने के बाद कर्मचारी इसे स्वयं दोबारा संपादित (Edit) नहीं कर सकते. यदि गलती से गलत तारीख दर्ज हो जाती है, तो उसे सुधारने के लिए संयुक्त घोषणा पत्र (Joint Declaration) और नियोक्ता के सत्यापन की लंबी प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है.

इसलिए सबमिट करने से पहले अपनी कंपनी के रिलीविंग लेटर या अंतिम वेतन पर्ची के आधार पर अंतिम कार्यदिवस की तारीख का मिलान अवश्य कर लें.

(The above story first appeared on LatestLY on Sep 07, 2026 08:54 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).