देश की खबरें | छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में बर्ड-फ्लू की पुष्टि
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

रायपुर, 14 जनवरी छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में बर्ड-फ्लू की पुष्टि हुई है। राज्य में बर्ड-फ्लू का मामला सामने आने के बाद सभी जिलों को सतर्क कर दिया गया है।

राज्य के वरिष्ठ अधिकारियों ने बृहस्पतिवार को बताया कि राष्ट्रीय उच्च सुरक्षा पशु रोग संस्थान, भोपाल ने बालोद जिले से भेजे गए कुक्कुट के नमूने में बर्ड-फ्लू की पुष्टि की है। संस्थान ने आज शाम रिपोर्ट छत्तीसगढ़ को भेजी।

अधिकारियों ने बताया कि राष्ट्रीय उच्च सुरक्षा पशु रोग संस्थान ने इसकी सूचना छत्तीसगढ़ के मुख्य सचिव तथा संचालक (पशु चिकित्सा सेवाएं) को दी है। राज्य में बर्ड-फ्लू का यह पहला मामला है।

उन्होंने बताया कि बालोद जिले के गिधाली गांव स्थित जीएस पोल्ट्री फार्म में 150 मुर्गियों की मृत्यु होने के बाद पांच नमूने एकत्र करके इस महीने की 11 तारीख को जांच के लिए राष्ट्रीय उच्च सुरक्षा पशु रोग संस्थान, भोपाल भेजे गए थे। जांच में सभी नमूनों में एच-5 एन-8 एविएन इनफ्लुएंजा वायरस की पुष्टि हुई है। नमूनों की ‘ट्रेकियल स्वाब’ और ‘क्लोकल स्वाब’ की रिपोर्ट भी पॉजिटिव पाई गई है।

अधिकारियों ने बताया कि राज्य में बर्ड-फ्लू के मामले आने के बाद राज्य के सभी जिलों को सतर्क कर दिया गया है।

राज्य के पशु चिकित्सा सेवाएं विभाग के संचालक माथेश्वरन वी ने बताया कि भारत सरकार के निर्देश के अनुसार संक्रमित फार्म से एक किलोमीटर की परिधि क्षेत्र को संक्रमित क्षेत्र घोषित कर त्वरित प्रतिक्रिया दल (आरआरटी) द्वारा आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।

संचालक ने बताया कि संक्रमित क्षेत्र में कुक्कुट पक्षियों का आवागमन पूर्णतः प्रतिबंधित किया जा रहा है। इसके साथ ही मनुष्यों और वाहनों के आवागमन को भी सीमित करने की कार्रवाई की जा रही है।

पशु चिकित्सा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि बर्ड-फ्लू की पुष्टि होने के बाद दिशानिर्देशों के अनुसार पक्षियों को 10 फुट के गड्ढे में मिट्टी में दबाया जाएगा तथा उसमें नमक और ब्लीचिंग पावडर छिड़का जाएगा। वहीं गड्ढो को भरने के दौरान वायरस का प्रसार रोकने के लिए दवा का छिड़काव भी किया जाएगा।

उन्होंने बताया कि बालोद जिले के जीएस पोल्ट्री फार्म गिधाली के एक किलोमीटर से 10 किलोमीटर परिधि क्षेत्र को निगरानी क्षेत्र घोषित किया जा रहा है।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)