उत्तर लखीमपुर(असम), 18 अगस्त असम के लखीमपुर जिले में भीड़ ने बलात्कार और हत्या के आरोपी 45 वर्षीय एक व्यक्ति को बृहस्पतिवार को कथित रूप से पीट-पीट कर मार डाला। पुलिस ने यह जानकारी दी।
यह व्यक्ति दो दिन पहले अदालत में पेशी के दौरान फरार हो गया था।
पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि गेरजय बरूआ उर्फ राजू बरूआ कुख्यात अपराधी था और वह घिलामारा थाना क्षेत्र के किलाकिली गांव में एक जलाशय के पास छिपा हुआ था लेकिन बृहस्पतिवार तड़के कुछ स्थानीय लोगों ने उसे पकड़ लिया।
इसके बाद, लोगों ने पुलिस को सूचित किया, लेकिन दुर्गम क्षेत्र होने की वजह से उसे वहां पहुंचने में वक्त लगा। तबतक और ग्रामीण वहां जमा हो गए और उन्होंने बरूआ को पीटना शुरू कर दिया।
अधिकारी के मुताबिक, जब पुलिस पहुंची तो व्यक्ति बुरी तरह से घायल था और भीड़ से उसे बचाने के दौरान दो पुलिसकर्मियों को भी चोटें आईं।
उन्होंने कहा, ‘‘ हम उसे ढकुआखाना सिविल अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। वहीं, दोनों घायल पुलिसकर्मियों को बेहतर इलाज के लिए उत्तर लखीमपुर शहर भेजा गया है।’’
पुलिस ने बताया कि व्यक्ति के खिलाफ पिछले 15 साल के दौरान विभिन्न थानों में चोरी, डकैती, हत्या, बलात्कार और अन्य अपराधों से संबंधित दर्जनों मामले दर्ज हैं।
बरूआ, दो अन्य आरोपियों के साथ मंगलवार को ढकुआखाना न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत के शौचालय से फरार हो गया था और पुलिस उसकी तलाश में थी।
दो अन्य आरोपियों में से एक को उसी दिन गिरफ्तार कर लिया गया था जबकि पुलिस अन्य की तलाश में है।
बरूआ की मौत की खबर फैलने के बाद ढुकआखाना अस्पताल के बाहर बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए।
एक अधिकारी ने बताया कि भीड़ को नियंत्रित करने और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।
वह 22 जनवरी को उत्तर लखीमपुर के एक अस्पताल के कोविड -19 वार्ड से भाग गया था, लेकिन दो दिन के बाद उसे फिर से पकड़ लिया गया था। वह पिछले साल सितंबर में एक मुठभेड़ में घायल हो गया था।
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