जरुरी जानकारी | नेपाल, बांग्लादेश से आयातित जूट उत्पादों पर डंपिंग रोधी शुल्क पांच साल के लिए बढ़ा

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. भारत ने नेपाल और बांग्लादेश से कुछ जूट उत्पादों के आयात पर डंपिंग रोधी शुल्क पांच साल के लिए बढ़ा दिया है। इसका उद्देश्य सस्ते आयात से घरेलू कंपनियों का बचाव करना है।

नयी दिल्ली, 10 जनवरी भारत ने नेपाल और बांग्लादेश से कुछ जूट उत्पादों के आयात पर डंपिंग रोधी शुल्क पांच साल के लिए बढ़ा दिया है। इसका उद्देश्य सस्ते आयात से घरेलू कंपनियों का बचाव करना है।

यह शुल्क वाणिज्य मंत्रालय की जांच इकाई व्यापार उपचार महानिदेशालय (डीजीटीआर) की सिफारिशों के बाद लगाया गया है।

डीजीटीआर ने पिछले साल सितंबर में अपनी जांच में यह निष्कर्ष निकाला था कि नेपाल और बांग्लादेश से इन उत्पादों की डंपिंग जारी है और मौजूदा शुल्क समाप्त होने की स्थिति में इन उत्पादों को सस्ते दाम पर भारतीय बाजार में ‘डंप’ किया जा सकता है।

डीजीटीआर ने घरेलू उद्योग को होने वाले नुकसान से बचाव के लिए आयात पर डंपिंग रोधी शुल्क जारी रखने की सिफारिश की थी।

केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर और सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) की एक अधिसूचना के अनुसार, यह शुल्क ‘‘पांच साल की अवधि के लिए लगाया जाएगा (जब तक कि इसे निरस्त या संशोधित नहीं किया जाता है)।

भारतीय जूट मिल संघ (आईजेएमए) ने बांग्लादेश और नेपाल से जूट उत्पादों की डंपिंग और अवैध आयात के बारे में बार-बार शिकायत की थी।

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