अमेरिका चीन के ‘आसन्न’ खतरे के खिलाफ हिंद-प्रशांत सहयोगियों के साथ खड़ा रहेगा: अमेरिकी रक्षा मंत्री
हेगसेथ ने कहा कि अमेरिका देश के बाहर अपनी सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करेगा ताकि वह चीन की ओर से तेजी से बढ़ रहे खतरों, विशेष रूप से ताइवान के प्रति उसके आक्रामक रुख का मुकाबला कर सके. चीन ने यह परीक्षण करने के लिए कई अभ्यास किए हैं कि स्वशासित द्वीप ताइवान की नाकाबंदी कैसी की जा सकती है.
हेगसेथ ने कहा कि अमेरिका देश के बाहर अपनी सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करेगा ताकि वह चीन की ओर से तेजी से बढ़ रहे खतरों, विशेष रूप से ताइवान के प्रति उसके आक्रामक रुख का मुकाबला कर सके. चीन ने यह परीक्षण करने के लिए कई अभ्यास किए हैं कि स्वशासित द्वीप ताइवान की नाकाबंदी कैसी की जा सकती है. चीन ताइवान पर अपना दावा करता है और अमेरिका ने इसकी रक्षा करने का संकल्प जताया हैं
सिंगापुर में सुरक्षा सम्मेलन में हेगसेथ ने कहा कि चीन की सेना ‘‘किसी बड़ी घटना की तैयारी के लिए अभ्यास कर रही है. हम चिकनी चुपड़ी बात नहीं करेंगे. चीन द्वारा उत्पन्न खतरा वास्तविक है. और यह निकट भविष्य में सामने आ सकता है.’’ यह भी पढ़ें : फ्रांस के महान वैज्ञानिक बोलेयू का निधन, गर्भपात की गोली के जनक ने 98 वर्ष की उम्र में ली अंतिम सास
हेगसेथ ने ‘इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट फॉर सिक्योरिटी स्टडीज’ द्वारा आयोजित वैश्विक सुरक्षा सम्मेलन ‘शांगरी-ला वार्ता’ में कहा कि चीन अब ताइवान पर कब्जा करने के लिए न केवल अपने सैन्य बलों को मजबूत कर रहा है, बल्कि वह ‘‘इसके लिए हर दिन सक्रिय रूप से प्रशिक्षण भी ले रहा है.’’
(The above story first appeared on LatestLY on May 31, 2025 08:27 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

