देश की खबरें | अच्युतानंदन अपने सिद्धांतों पर कायम रहे: सिद्धरमैया
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धरमैया ने मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के वरिष्ठ नेता वी.एस. अच्युतानंदन के निधन पर मंगलवार को शोक व्यक्त किया और कहा कि वह न्याय की एक सशक्त आवाज थे और अंत तक अपने सिद्धांतों पर कायम रहे।
बेंगलुरु, 22 जुलाई कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धरमैया ने मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के वरिष्ठ नेता वी.एस. अच्युतानंदन के निधन पर मंगलवार को शोक व्यक्त किया और कहा कि वह न्याय की एक सशक्त आवाज थे और अंत तक अपने सिद्धांतों पर कायम रहे।
केरल के पूर्व मुख्यमंत्री अच्युतानंदन (101) का सोमवार को अपराह्न तीन बजकर 20 मिनट पर तिरुवनंतपुरम के पट्टोम एसयूटी अस्पताल के गहन चिकित्सा कक्ष में इलाज के दौरान निधन हो गया।
अस्पताल द्वारा जारी एक आधिकारिक बुलेटिन के अनुसार, वरिष्ठ नेता का अपराह्न 3.20 बजे पट्टोम एसयूटी अस्पताल की गहन चिकित्सा इकाई में इलाज के दौरान निधन हो गया।
अच्युतानंदन 23 जून को दिल का दौरा पड़ने के बाद से यहां उपचार किया जा रहा था।
सिद्धरमैया ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘वी.एस. अच्युतानंदन (1923-2025) अपने इस लंबे जीवन में न्याय और जनहित की एक सशक्त आवाज़ रहे। वह अपने सिद्धांतों पर कायम रहे। चाहे वह ज़मीनी स्तर पर संघर्षों को लेकर हो या फिर सत्ता में रहने के दौरान। इसमें उनका केरल के मुख्यमंत्री (2006-2011) का कार्यकाल भी शामिल है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘उनका निधन एक बहुत बड़ी क्षति है। उनके परिवार, केरल के लोगों और उनके जीवन से प्रेरणा पाने वाले सभी लोगों के प्रति मेरी संवेदनाएं हैं। एक सार्थक जीवन को नमन।’’
माकपा के संस्थापक सदस्य अच्युतानंदन अपने पूरे जीवन में श्रमिक अधिकारों, भूमि सुधारों और सामाजिक न्याय के पक्षधर रहे।
उन्होंने 2006 से 2011 तक केरल के मुख्यमंत्री के रूप में कार्य किया और सात बार राज्य विधानसभा के लिए चुने गए तथा तीन बार विपक्ष के नेता के रूप में कार्य किया।
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