देश की खबरें | छत्तीसगढ़ में 94 प्रतिशत किसान एमएसपी पर धान बेच रहे हैं : राज्य सरकार
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. छत्तीसगढ़ में 94 प्रतिशत से अधिक किसानों को धान के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) का लाभ मिल रहा है और इस साल इसमें दो प्रतिशत की वृद्धि होने की उम्मीद है। एक आधिकारिक बयान में बृहस्पतिवार को यह कहा गया।
नयी दिल्ली, तीन दिसंबर छत्तीसगढ़ में 94 प्रतिशत से अधिक किसानों को धान के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) का लाभ मिल रहा है और इस साल इसमें दो प्रतिशत की वृद्धि होने की उम्मीद है। एक आधिकारिक बयान में बृहस्पतिवार को यह कहा गया।
छत्तीसगढ़ सूचना केंद्र ने यहां एक बयान में कहा कि राज्य सरकार की नीतियों के कारण राज्य में धान बेचने वाले किसानों की संख्या 12 लाख से बढ़ कर 18.38 लाख हो गई है।
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बयान में कहा गया है कि 94 प्रतिशत किसान एमएसपी पर राज्य सरकार की धान खरीद का लाभ प्राप्त कर रहे हैं।
बयान में कहा गया है कि राज्य की भूपेश बघेल सरकार की किसान हितैषी नीतियों के कारण पिछले दो वर्षो में न सिर्फ कृषि का रकबा बढ़ा है, बल्कि लाभ प्रदान नहीं करने वाले कार्य होने के चलते खेती छोड़ चुके लोग फिर से कृषि की ओर लौट रहे हैं।
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बयान में कहा गया है कि राज्य में 2017 में 76 प्रतिशत किसानों ने धान एमएसपी पर बेचा था, बघेल सरकार के सत्ता में आने के बाद इसमें अभूतपूर्व वृद्धि हुई और यह आंकड़ा 2018 में 92.61 प्रतिशत तथा 2019 में 94.02 प्रतिशत पहुंच गया।
बयान के मुताबिक इस साल दो लाख से अधिक नये किसानों ने पंजीकरण कराया है, इसलिए आंकड़ा 98 प्रतिशत पार कर जाने की उम्मीद है।
बयान में कहा गया है कि समर्थन मूल्य पर धान की खरीद राज्य में एक दिसंबर से शुरू हुई है। इस साल 21 लाख से अधिक किसानों ने धान बेचने के लिए पंजीकरण कराया है। साथ ही, धान की बुवाई का रकबा भी 27 लाख हेक्टेयर से अधिक है।
सूचना केंद्र ने कहा कि दो वर्षों में यह क्षेत्र 19.36 लाख हेक्टेयर से बढ़ कर 22.68 लाख हेक्टेयर हो गया।
बयान में कहा गया है कि 2017-18 में 56.85 लाख मीट्रिक टन धान की खरीद की गई थी। पिछले दो साल में यह आंकड़ा 83.94 लाख मीट्रिक टन पहुंच गया।
बयान में कहा गया है कि मुख्यमंत्री ने 17 लाख से अधिक किसानों का करीब नौ हजार करोड़ रुपये का कृषि रिण, 244 करोड़ रुपये का सिंचाई कर माफ किया है।
बयान में कहा गया है कि राज्य सरकार ने 21 मई 2020 को राजीव गांधी किसान न्याय योजना शुरू की, ताकि किसानों को उनका अधिकार दिया जा सके और उनकी उपज को उचित मूल्य मिले। इसके तहत 5,750 करोड़ रुपये चार किस्तों में 19 लाख किसानों को दिए जा रहे हैं। अब तक तीन किस्त में किसानों को 4,500 करोड़ रुपये दिए गए हैं।
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