Goa temple Stampede: गोवा में मची भगदड़ के 75 पीड़ितों का सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों में इलाज किया गया; मंत्री विश्वजीत राणे
गोवा के स्वास्थ्य मंत्री विश्वजीत राणे ने बताया कि शनिवार को उत्तरी गोवा के मंदिर में मची भगदड़ में घायल हुए 75 लोगों का राज्य के सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों में इलाज कराया गया. उत्तरी गोवा स्थित एक मंदिर में शनिवार तड़के एक उत्सव के दौरान भगदड़ मचने से छह लोगों की मौत हो गई और कई अन्य लोग घायल हो गए.
पणजी, 3 मई : गोवा के स्वास्थ्य मंत्री विश्वजीत राणे ने बताया कि शनिवार को उत्तरी गोवा के मंदिर में मची भगदड़ में घायल हुए 75 लोगों का राज्य के सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों में इलाज कराया गया. उत्तरी गोवा स्थित एक मंदिर में शनिवार तड़के एक उत्सव के दौरान भगदड़ मचने से छह लोगों की मौत हो गई और कई अन्य लोग घायल हो गए. पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि यह घटना पणजी से करीब 40 किलोमीटर दूर शिरगांव के श्री लईराई देवी मंदिर में तड़के करीब तीन बजे हुई. राणे ने कहा कि राज्य स्वास्थ्य विभाग लईराई जात्रा घटना से प्रभावित लोगों को अच्छी से अच्छी चिकित्सा सेवा प्रदान करने के लिए अथक प्रयास कर रहा है.
उन्होंने एक बयान में कहा, ‘‘ताजा रिपोर्ट के अनुसार, असिलो अस्पताल (मापुसा), बिचोलिम और संखली में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (सीएचसी) और गोवा मेडिकल कॉलेज (जीएमसी) सहित सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों में 75 मरीजों का इलाज किया गया है.’’ उन्होंने कहा कि असिलो अस्पताल में 18 मरीज उपचाराधीन हैं, सीएचसी बिचोलिम में तीन मरीजों के स्वास्थ्य पर नजर रखी जा रही है और सीएचसी संखली में एक मरीज भर्ती है. उन्होंने कहा, ‘‘दुख की बात है कि छह लोगों को मृत अवस्था में लाया गया. दो महिलाओं सहित चार लोगों को असिलो अस्पताल और दो को सीएचसी बिचोलिम में मृत अवस्था में लाया गया.’’ राणे ने कहा कि सीएचसी के प्रथम प्रतिक्रिया दल ने घटनास्थल पर त्वरित कार्रवाई की, जिससे घायलों का समय पर प्राथमिक उपचार सुनिश्चित हुआ. यह भी पढ़ें : महबूबा ने पहलगाम में मारे गए नौसेना अधिकारी की पत्नी की सांप्रदायिक सद्भाव की अपील की सराहना की
उन्होंने कहा, ‘‘10 एएलएस (उन्नत जीवनरक्षक) एम्बुलेंस तैनात की गईं और अधिक देखभाल की आवश्यकता वाले रोगियों को गोवा मेडिकल कॉलेज भेजा गया, जो ‘हाई अलर्ट’ पर काम कर रहा है.’’ मंत्री ने कहा कि उनका विभाग सभी रोगियों की स्थिति पर नजर रख रहा है और पीड़ितों के लिए आपातकालीन दवाओं, पर्याप्त चिकित्सा कर्मियों एवं मनोवैज्ञानिक सहायता की उपलब्धता सुनिश्चित की है. उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग एवं जीएमसी के प्रमुखों और सचिव (स्वास्थ्य) के साथ एक बैठक आयोजित की जाएगी ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि समय पर और प्रभावी उपचार प्रदान करने में कोई कसर न रह जाए. उन्होंने कहा, ‘‘हम सार्वजनिक स्वास्थ्य के प्रति अपनी अटूट प्रतिबद्धता और अग्रिम मोर्चे पर अथक सेवा करने वाले प्रत्येक स्वास्थ्य कार्यकर्ता का समर्थन करने की पुष्टि करते हैं.’
(The above story first appeared on LatestLY on May 03, 2025 03:14 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

